" /> कंटेनमेंट जोन को छोड़ सभी चीजों को खोलने की इजाजत, सरकार ने जारी की नई गाइडलाइन्स

कंटेनमेंट जोन को छोड़ सभी चीजों को खोलने की इजाजत, सरकार ने जारी की नई गाइडलाइन्स

केन्द्र सरकार ने कोरोना लॉकडाउन पर लोगों को बड़ी राहत दी है। शनिवार को गृह मंत्रालय की तरफ से अगले एक महीने यानी 30 जून तक नई गाइडलाइन्स जारी की है। इसमें कंटेनमेंट जोन (निषिद्ध क्षेत्र) के बाहर सभी तरह की गतिविधियों को शुरू करने की इजाजत दी गई है, जबकि कंटेनमेंट जोन में 30 जून तक लॉकडाउन को बढ़ा दिया गया है। वहीं, अब एक राज्य से दूसरे राज्य में जाने के लिए पास की इजाजत नहीं होगी।

बता दें कि कोरोना वायरस महामारी को रोकने के लिए देश में 24 मार्च से ही लॉकडाउन लागू है। लॉकडाउन 4.0 एक दिन बाद यानी 31 मई को खत्म हो रहा है। लॉकडाउन के चौथे चरण में काफी ढील दी गई और कई फैसले राज्यों पर छोड़ दिए गए थे।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुरुवार (28 मई) को सभी मुख्यमंत्रियों से बात की थी और राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन को 31 मई के बाद बढ़ाए जाने पर उनके विचार-विमर्श किया था। लॉकडाउन के चौथे चरण की समाप्ति से महज तीन दिन पहले गृह मंत्री ने मुख्यमंत्रियों से टेलीफोन पर बातचीत की थी।

तीन चरणों में खुलेगा लॉकडाउन
* 8 जून से धार्मिक स्थल, शॉपिंग मॉल, होटल रेस्तरां खुलेंगे।
* दूसरे चरण में स्कूल, कॉलेज खोलने पर जुलाई में विचार किया जाएगा
* तीसरे चरण में हालात को देखते हुए अंतरराष्ट्रीय एयर ट्रेवल, मेट्रो, सिनेमा हॉल और जिम खोलने पर विचार-विमर्श किया जाएगा।

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मध्य प्रदेश में लॉकडाउन 15 जून तक बढ़ा
भोपाल l मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को कहा कि राज्य में 15 जून तक कोरोना लॉकडाउन बढ़ाया जाएगा। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि लॉकडाउन की अवधि 15 जून तक बढ़ाई जानेवाली है। वर्तमान स्थितियों में सबकुछ खोल नहीं सकते हैं क्योंकि कोरोना से अभी निपटना है। उन्होंने आगे कहा कि स्कूल 13 जून के बाद खोले जाएंगे। अभी तक स्कूलों का खुलना तय है, अंतिम फैसला तो कुछ दिनों के बाद ही लिया जाएगा। बता दें कि कोरोना महामारी को रोकने के लिए चौथे चरण का लॉकडाउन चल रहा है। इसकी अवधि 31 मई को खत्म होनेवाली है।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने स्वास्थ्य विभाग और डॉक्टरों को निर्देश दिए हैं कि प्रदेश में कोविड-19 से अब तक हुई हर मौत का विश्लेषण किया जाए। उन्होंने शुक्रवार को प्रदेश में कोरोना वायरस की स्थिति की समीक्षा के लिए आयोजित बैठक के दौरान यह निर्देश दिए थे। एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि मुख्यमंत्री ने डॉक्टरों और प्रशासनिक अधिकारियों को कोविड-19 की वजह से हुई प्रत्येक मौत का विश्लेषण करने का निर्देश दिया है।