" /> कमलनाथ की गवर्नर को चिट्ठी, …तो फ्लोर टेस्ट असंवैधानिक

कमलनाथ की गवर्नर को चिट्ठी, …तो फ्लोर टेस्ट असंवैधानिक

मध्य प्रदेश के सीएम कमलनाथ ने प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन को चिट्ठी लिखते हुए अपनी नाराजगी व्यक्त की है। उन्होंने कहा है कि ४० साल के लंबे राजनैतिक जीवन में हमेशा सम्मान और मर्यादा का पालन किया है लेकिन १६ मार्च २०२० को आपकी चिट्ठी पढ़ने के बाद मैं दुखी हूं। इसके अलावा उन्होंने राज्यपाल से अपील की है कि वो बेंगलुरू में कैद कांग्रेस विधायकों को भोपाल वापस बुलाएं और अगर इसके बिना फ्लोर टेस्ट होगा तो वो असंवैधानिक होगा।

मध्य प्रदेश में सियासी घमासान मचा हुआ है। कांग्रेस के बागी विधायकों ने आज बेंगलुरू से प्रेस कांफ्रेंस कर कमलनाथ सरकार पर जमकर आरोप लगाए हैं। कमलनाथ से राज्यपाल को लिखी अपनी चिट्ठी में भाजपा पर कांग्रेस के १६ विधायकों को बंदी बनाने का आरोप लगाया है। साथ ही ये अपील भी की है वो इसमें फैसला लें और कांग्रेस के विधायकों को वहां से भोपाल वापस बुलाया जाए।
सदन की कार्रवाई २६ मार्च तक टलने के बाद राज्यपाल ने सीएम कमलनाथ पर गुस्सा जाहिर किया था। जिस पर जवाब देते हुए कमलनाथ ने लिखा है, ‘ आपने अपने पत्र में यह तो लिखा है कि, सदन की कार्यवाही २६ मार्च तक स्थगित हो गई परंतु स्थगन के कारणों का जिक्र करना आपने उचित नहीं किया। जैसा कि आप जानते हैं कि हमारा पूरा देश और विश्व कोरोना वायरस से संक्रमित हैं और विश्व स्वास्थ्य संगठन ने इसे एक अंतरराष्ट्रीय महामारी घोषित किया है। पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि बेंगलुरु के विधायक अपनी मर्जी से वहां हैं। वे इस सरकार के खिलाफ हैं। कमलनाथ जी इधऱ उधर की न बात कर.. जल्दी फ्लोर टेस्ट करा. अगर बहुमत में हो तो भाग क्यों रहे हो।