" /> कोरोना के खिलाफ युद्ध अवश्य जीतेंगे!, ‘लाइव प्रसारण’ में मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का आश्वासन

कोरोना के खिलाफ युद्ध अवश्य जीतेंगे!, ‘लाइव प्रसारण’ में मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का आश्वासन

कोरोना वायरस मतलब विश्वयुद्ध जैसी स्थिति बन गई है। इस विश्वयुद्ध की लड़ाई से निपटने के लिए राज्य की जनता निश्चित रूप से सरकार का सहयोग कर रही है, जिसके कारण हमने इसे नियंत्रण में रखा है। लेकिन हम और अधिक प्रयास करेंगे तो शिवराय के महाराष्ट्र में आए इस संकट को दूर करने में अवश्य सफल होंगे। मैंने खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री से दूरभाष से इस संदर्भ में बात की है। उन लोगों ने राज्य को पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया है। यह बात मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने मीडिया पर लाइव प्रसारण के माध्यम से कही।

मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने कहा कि नागरिकों को सरकार निर्देश दे रही है। उसका राज्य के कोने-कोने तक पालन होना चाहिए। हमारे आह्वान के बाद सभी धार्मिक स्थलों पर भीड़ में भारी कमी आई है। इसके बाद भी भीड़ को पूरी तरह बंद करना चाहिए। सरकार ने सरकारी और निजी कार्यालयों में कर्मचारियों की उपस्थिति में कमी करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। इसके बाद भी आवश्यकता न हो तो घर से बाहर न निकलें। जहां तक संभव हो वहां तक ‘वर्क प्रâॉम होम’ से काम करने का निर्देश राज्य के अंतिम छोर के कोने-कोने तक पालन होना चाहिए। सरकार जो उपाय योजना कर रही है, वह संतोषजनक है। फिर भी हमें अतिरिक्त सावधानी बरतने की आवश्यकता है क्योंकि वायरस एक-एक कदम आगे बढ़ रहा है। अधिक सावधानी बरतने की आवश्यकता है। सिस्टम में काम करनेवाले लोग हैं। हमें ऐसा कुछ नहीं करना चाहिए जिससे उनके ऊपर भार बढ़े, ऐसा मुख्यमंत्री ने अपने लाइव प्रसारण में कहा। आज जितने भी रोगी हैं, वे सभी बाहर से आए हुए लोग हैं। बाहर के लोग भी अपने हैं। सगे-संबंधी हैं। परंतु उन्हें यहां आने पर सभी प्रकार की सावधानी बरतना महत्वपूर्ण है। होम क्वारंटाइन करनेवालों के हाथ पर मुहर लगाई गई है। ऐसे व्यक्ति बाहर न घूमें और न ही अपनी यात्रा की जानकारी छिपाकर यात्रा करें।

युद्ध जिद की लड़ाई है और इसे जीतना ही है। अनेकों ने १९६५ और १९७१ का युद्ध देखा है तथा अनुभव किया है। युद्ध का अनुभव बुरा रहा है। युद्ध के बाद स्थिति बदतर हो जाती है, देश के लिए जवान लड़ते हैं और शहीद हो जाते हैं। कोरोना वायरस से लड़ते हुए १९७१ के युद्ध को याद करते हैं। आज का युद्ध वायरस से है। ‘वायरस के खिलाफ युद्ध’ शुरू हो गया है। इस युद्ध में हमारे डॉक्टर, बस ड्राइवर, नर्स, एनजीओ के जवान दिन-रात काम कर रहे हैं। आप घर पर रहकर उनका सहयोग नहीं कर सकते हैं क्या? ऐसा संकट किसी प्रकार की जाति-पांति और धर्म-पंथ को देखकर नहीं आता। हम सब एकजुट होकर मुकाबला करेंगे तो संकट हमारा कुछ भी नहीं बिगाड़ सकता। चीन में इस वायरस का पहली बार प्रादुर्भाव हुआ था। परंतु चीन ने अनेक कड़े कदम उठाए जिससे वो इस संकट से बाहर हो गया है। आपको भी इस संकट से बाहर निकलना होगा। इसके लिए एक बार फिर सहयोग करें। हम इस संकट से अवश्य बाहर निकलेंगे, ऐसा मुझे विश्वास है। ऐसा भी मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने कहा।