" /> कोरोना वायरस को ठेंगा! जबलपुर जेल में बने मास्क करेंगे महाराष्ट्र की रक्षा

कोरोना वायरस को ठेंगा! जबलपुर जेल में बने मास्क करेंगे महाराष्ट्र की रक्षा

– मुंबई – नासिक से 60000 से भी अधिक सूती मास्क का ऑर्डर

– कैदियों ने मचाई सिर्फ 7 रुपये में सस्ते व उत्तम मास्क की धूम

नेताजी सुभाष चंद्र बोस जबलपुर जेल के कैदियों ने मध्य प्रदेश के साथ ही अब महाराष्ट्र को जानलेवा महामारी कोरोना वायरस से बचाने का बीड़ा उठा लिया है। सिर्फ मुंबई से ही मात्र एक संस्था व्दारा जेल को 50,000 मास्क का आर्डर मिला है कैदियों द्वारा मात्र 7 रु. में बनाए जा रहे कॉटन के मास्क ने देशभर में धूम मचा दी है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन के मापदंड पर भी यह सूती मास्क खरा उतरा है डब्ल्यूएचओ के अनुसार कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए यह एकदम उपयुक्त है।

नासिक से 10000 मास्क के आर्डर के बाद मुंबई की एक स्वयंसेवी संस्था ने 50000 मास्क का आर्डर दिया है। इसी तरह महाराष्ट्र के अलावा अन्य राज्यों से भी ऑर्डर आने लगे हैं। जेल डीआईजी गोपाल ताम्रकार के अनुसार 40 सिलाई मशीनों में इलेक्ट्रिक मोटर लगाई गई है और 100 कैदी मास्क निर्माण में लगे हुए हैं। केंद्र व राज्य सरकार के तमाम विभाग से जेल में आर्डर आ रहे हैं। प्रतिदिन लगभग 2,000 मास्क का निर्माण किया जा रहा है। सूती कपड़े से निर्मित तीन लेयर वाले इस मास्क की चारों तरफ तारीफ हो रही है। बाजार में जहां अन्य मास्क 20 से 25 रुपए और कहीं-कहीं तो 50 रुपये तक मिल रहे हैं , वहीं सिर्फ 7 रूपये में यह मास्क मिलना सरकारी विभागों के साथ ही कई अन्य संस्थाओं को आकर्षित कर रहा है । सस्ते और श्रेष्ठ मास्क की मांग लगातार बढ़ती जा रही है। यदि इसी तरह मांग आती रही तो आपूर्ति करना भी मुश्किल हो जाएगा। हालांकि केरल सरकार ने जबलपुर जेल की तर्ज पर काम करना शुरू किया है । केंद्रीय जेल के ही 50 कैदी और एक वृद्ध आश्रम के 12 बुजुर्ग मास्क के अलावा सेनीटाइजर्स भी बना रहे हैं। जिसकी मांग तेजी से बढ़ती जा रही है ।