" /> गांव जाना हुआ मुश्किल, अधूरे आवेदन से अधर में ई-पास

गांव जाना हुआ मुश्किल, अधूरे आवेदन से अधर में ई-पास

ढाई लाख अर्जियां हुई खारिज

राज्य में कोरोना के प्रसार पर अंकुश लगाने के लिए निजी वाहनों में जिले से बाहर यात्रा करनेवालों के लिए ई-पास अनिवार्य किया गया है। ठाणे जिले से राज्य के अन्य जिलों में जाने के लिए पुलिस द्वारा लोगों को ई-पास जारी किया जा रहा है। ठाणे पुलिस आयुक्तालय के अंतर्गत ई-पास की अर्जियों में से ढाई लाख से अधिक ई-पास की अर्जियों को पुलिस ने दस्तावेजों की कमी, मेडिकल प्रमाणपत्रों आदि की कमी और अधूरी जानकारी के कारण खारिज कर दिया है। अब तक पुलिस द्वारा केवल १ लाख ३३ हजार ७५९ लोगों को ई-पास जारी किया गया है।
बता दें कि राज्य सरकार ने जिले के बाहर निजी वाहन से यात्रा करने के इच्छुक नागरिकों के लिए ई-पास लेना अनिवार्य कर दिया है। ठाणे सिटी पुलिस को २३ मार्च से २५ अगस्त तक ठाणे से बदलापुर और भिवंडी में ४ लाख ६७ हजार ४२८ ई-पास आवेदन प्राप्त हुए हैं। हालांकि, केवल १ लाख ३३ हजार ७५९ आवेदनों को पुलिस ने मंजूरी दी है। वहीं २ लाख ८२ हजार २२४ अर्जियों को खारिज कर दिया गया। ५१ हजार ४४५ आवेदनों को अभी भी मंजूरी का इंतजार है। पुलिस ने कहा कि मेडिकल सर्टिफिकेट की कमी, अपर्याप्त दस्तावेज, अधूरी जानकारी और यात्रा के लिए अनुचित कारणों की वजह से ई-पास जारी नहीं किया गया। गणेशोत्सव शुरू होने के बाद कोंकण या रायगढ़ जानेवालों के लिए अगस्त में बड़ी संख्या में आवेदन प्राप्त हुए थे। १ अगस्त से २५ अगस्त के बीच पुलिस को ६१ हजार ७३६ आवेदन मिले हैं, जिसमें से १९ हजार ६६९ आवेदनों को पुलिस ने मंजूरी दे दी। जब कि ३४ हजार २८५ आवेदन पुलिस द्वारा खारिज कर दिए गए हैं। वहीं ७ हजार ७८२ आवेदनों को अभी भी मंजूरी का इंतजार है। गणपति के अवसर पर कोंकण या रायगढ़ जानेवाले कई लोग ई-पास हासिल नहीं कर पाए, जबकि बहुत से लोग अब एसटी का सहारा ले रहे हैं क्योंकि एसटी से यात्रा करने पर ई-पास की जरूरत नहीं होती है।