घोड़े के प्रेम में घोटाला!, नो बेल, ओनली जेल!, पीएमसी बैंक घोटालेबाजों को देख बेकाबू हुए लोग

घोड़ा प्रेम और घोटाला का करीबी संबंध उजागर हुआ है। पता चला है कि पीएमसी बैंक के पूर्व चेयरमैन वरियाम सिंह और घोटालेबाज कंपनी एचडीआईएल के मालिक वाधवान के बीच कारोबारी रिश्ते भी थे। उनकी घोड़े के एक फॉर्म हाउस में भागेदारी है। इस कंपनी में उन्नत किस्म के घोड़े की ब्रीडिंग कराई जाती है। इन्होंने २००७ में मिलकर एक कंपनी खोली थी, जो घोड़े का आयात-निर्यात भी करती थी। २०१८ की वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार इस घोड़े के फर्म के पास ६४ करोड़ रुपए के घोड़े मौजूद थे।

पीएमसी बैंक घोटाला मामले में आरोपी एचडीआईएल के मालिकों की कल बुधवार को मुंबई के किला कोर्ट में पेशी हुई। इस दौरान कोर्ट के बाहर बैंक के खाताधारकों ने जमकर हंगामा किया। आरोपियों की पेशी से पहले ही बड़ी संख्या में खाताधारक कोर्ट के बाहर पहुंच गए थे। जैसे ही आरोपी और उनके वकील कोर्ट पहुंचे खाताधारकों ने उन्हें घेर लिया। हालात बिगड़ते देख कोर्ट के बाहर पुलिस बल को तैनात किया गया। इस दौरान खाताधारकों ने आरबीआई की ओर से कार्रवाई में ढील बरतने का आरोप भी लगाया। कोर्ट के बाहर इस दौरान ‘नो बेल ओनली जेल’ की नारेबाजी गूंजती रही।
वकील पर भीड़ का हमला
आरोपी जैसे ही कोर्ट पहुंचे खाताधारकों की भीड़ ने जमकर नारेबाजी की। इस दौरान कार से बाहर निकले आरोपियों के वकील के साथ भीड़ में मौजूद कुछ लोगों ने हाथापाई भी की, जिसके बाद मामले में पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा और निगरानी में आरोपियों और उनके वकील को कोर्ट के अंदर ले जाया गया।
मामले में गिरफ्तार किए गए तीनों अरोपियों को कोर्ट ने १४ अक्टूबर तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। गौरतलब है कि तीनों आरोपियों में राकेश कुमार वाधवान और सारंग वाधवान के साथ वरियाम सिंह शामिल हैं। माना जा रहा है कि पूछताछ के दौरान तीनों ही घोटाले से संबंधित बड़े खुलासे कर सकते हैं।