चार्ज करो, फुर्र हो जाओ! २० महीने बाद इलेक्ट्रिक कार

प्रदूषण का बढ़ता स्तर और इससे होनेवाला जलवायु परिवर्तन देश और दुनिया के लिए चिंता का विषय बना हुआ है। पर्यावरण में हो रहे ग्लोबल वर्मिंग के स्तर को कुछ हद तक कम करने के लिए देश और दुनिया के वैज्ञानिकों की खोज जारी है। इसी बीच हिंदुस्थान सहित अन्य देश ग्लोबल वार्मिंग से बचने के लिए अपनी सड़कों पर इलेक्ट्रिक कारों को उतारने की तैयारी में लगे हैं। माना जा रहा है कि आज से लगभग २० महीने के अंदर देश की सड़कों पर तेजी से इलेक्ट्रिक कारें दौड़नी शुरू हो जाएंगी यानी अब नो पेट्रोल और डीजल की झंझटमारी। सिर्फ कार को चार्ज करो और फुर्र हो जाओ।
फिनलैंड बेस्‍ड एनर्जी कंपनी की लोकल बॉडी फोर्टम इंडिया फिलहाल दिल्ली, मुंबई और हैदराबाद में ३० चार्जिंग पॉइंट्स को ऑपरेट कर रही है। अब आनेवाले दो वर्षों में कंपनी चार्जिंग पॉइंट्स को बंगलुरू, चेन्नई, पुणे और चंडीगढ़ जैसे शहरों में लगाएगी। फोर्टम हिंदुस्थान के ७ शहरों में वर्ष २०२० तक इलेक्‍िट्र‍क वेहिकल्‍स की चार्जिंग के लिए ७५० फैसिलिटीज की प्‍लानिंग कर रही है।
कंपनी में चार्जिंग और ड्राइव सस्‍टेनबिलिटी के वाइस प्रेसिडेंट अवधेश कुमार झा ने पहले ही कहा दिया है कि ‘दिसंबर २०१८ तक ५० चार्जिंग  पॉइंट्स होंगे। अगले साल के अंत तक कंपनी के पास अतिरिक्‍त २०० ईवी चार्जिंग पॉइंट्स होंगे। वहीं आनेवाले दो वर्षों में ५०० अतिरिक्‍त चार्जिंग पॉइंट्स होंगे और इस तरह ये कुल ७५० तक पहुंचेंगे।
इलेक्ट्रिक वाहनों में भारतीय कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया भी आ गई है। मारुति सुजुकी इंडिया ने इलेक्ट्रिक वाहनों की टेस्टिंग की शुरू कर दी है। अक्टूबर में ही मारुति सुजुकी इंडिया ने जोरशोर से इस कार के ५० टेस्टिंग वहनों को हरी झंडी दिखाकर देशभर की सड़कों पर टेस्टिंग के लिए चलाया था। एक रिपोर्ट के अनुसार इस कार के प्रोटोटाइप को स्पॉट करने पर ये पता लगा की टेस्टिंग के लिए वैगन आर पर आधारित प्रोटोटाइप पर टेस्ट किया जा रहा है। अनुमान ये लगाया जा रहा है कि  कंपनी द्वारा इस इलेक्ट्रिक कारों के लॉन्च की शुरुआत वर्ष २०२० से हो सकती है। वहीं सबसे बड़ी ऑटोमोबाइल कंपनी में शुमार  फॉक्सवैगन ग्रुप के स्ट्रैटजी चीफ माइकल जोस्ट ने यह घोषणा की कि २०२६ के बाद फॉक्सवैगन ग्रुप सिर्फ इलेक्ट्रिक कारों का ही निर्माण करेगा।