" /> छोटे पर्दे का संकट गहराया : नए एपिसोड के लिए माथापच्ची जारी

छोटे पर्दे का संकट गहराया : नए एपिसोड के लिए माथापच्ची जारी

चैनलों और वर्कर्स के बीच होगी बातचीत
सरकार के आदेश के बाद ही होगी शूटिंग
लॉक डाउन में छोटे पर्दे का संकट गहरा गया है। नए एपिसोड का भंडार कब का खत्म हो चुका है और सभी टीवी चैनल अपने सीरियल्स के पुराने एपिसोड को ही दोहराने पर मजबूर हैं। ऐसे में इनकी टीआरपी हाशिए पर चली गई है। अब इनकी माथापच्ची जारी है कि नए एपिसोड कैसे बनाएं? वैसे परसों शाम जब पीएम मोदी ने संकेत दिया है कि लॉकडाउन-४ नए रूप-रंग के साथ होगा तो इन चैनलों में उम्मीद की किरण जागी है कि शायद कुछ राहत मिल सके और वो शूटिंग कर पाएं। हालांकि अभी कुछ भी स्तिथि साफ नहीं है। फिर भी ये टीवी चैनल्स और फिल्म फेडरेशन के बीच इस बारे में बातचीत होने की खबर है।
मिली जानकारी के अनुसार फेडरेशन की ओर से यूनियनों, टीवी चैनलों को ऑनलाइन मीटिंग का न्यौता दिया गया है। फेडरेशन ने अपनी सहायक यूनियनों आईएमपीपीए, आईएफटीपीसी, गिल्ड, डब्ल्यूआईएफपीए और चैनलों जी टीवी, कलर्स, स्टार टीवी और सोनी टीवी के साथ एक ऑनलाइन मीटिंग करने का फैसला किया है। इस मीटिंग में निर्माताओं और ब्रॉडकास्टर्स के साथ सभी नफा और नुकसान पर गहराई से बातचीत होगी। हालांकि फेडरेशन ने यह भी साफ कर दिया है कि जब तक सरकार या सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय स्वास्थ्य सुरक्षा संबंधी गाइडलाइन जारी नहीं कर देता, तब तक शूटिंग शुरू नहीं की जा सकती। इस मीटिंग के हो जाने के बाद ही आगे की रणनीति बनाई जाएगी। फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लाइज के प्रेसिडेंट बीएन तिवारी तथा मुख्य सलाहकार अशोक पंडित के अनुसार लॉकडाउन के बादवाले माहौल में शूटिंग शुरू हो और मजदूर व तमाम टेक्नीशियन काम पर लौटें। फेडरेशन चाहती है कि शूटिंग के दौरान मजदूरों व टेक्नीशियन के स्वास्थ्य व सुरक्षा के मद्देनजर तमाम तरह के नियमों को लागू किया जाए और उनके आर्थिक हितों का भी पूरा ध्यान रखा जाए। इन सब मुद्दों पर ही फेडरेशन और ब्रॉडकास्टर्स के बीच बातचीत होगी और रणनीति बनाई जाएगी।