जवान तेजबहादुर यादव की मुसीबतें बढ़ी , मामला पीएम मोदी की हत्या की सुपारी का

प्रधानमंत्री के नाम 50 करोङ की सुपारी लेने की की वीडियो वायरल होने के बाद बीएसएफ के बर्खास्त जवान तेजबहादुर की मुसीबत बढ़ती जा रही है।वाराणसी में पीएम मोदी के खिलाफ सपा के टिकट पर चुनाव मैदान में उतरने की नाकाम कोशिश करने वाले तेज बहादुर यादव को श्रीराम सेना प्रमुख ने वीडियो वायरल के बाद राष्ट्रीय महासचिव पद से हटाने की बात कही तो वही दूसरी ओर वाराणसी के अधिवक्ता कमलेश चंद्र त्रिपाठी ने वीडियो वायरल में हो रहे बातचीत को गंभीरता से लेते हुए उनके खिलाफ तत्काल कार्यवाही करने हेतु जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा।
वाराणसी में कांग्रेस प्रत्याशी अजय राय के समर्थन में आये श्री राम सेना प्रमुख विष्णु विनोदम ने मंगलवार को कांग्रेस के केंद्रीय चुनाव कार्यालय में मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि उनकी कोर कमेटी की बैठक कल वृंदावन में है और हम सब तेज बहादुर को अपने साथ लेकर नहीं चलना चाहते हैं, क्योंकि ऐसा देश हित में नहीं है। प्रधानमंत्री पद के लिए इतनी बड़ी बात करना गलत है। विष्णु विनोदम ने कहा कि मुझे लग रहा है कि तेज बहादुर अपना मानसिक संतुलन खो चुके हैं। रात में शराब पीकर कुछ कह रहें हैं और दिन में देश की राजनीति की बात कर रहें हैं तो तेज बहादुर यादव अपना मानसिक संतुलन खो चुके हैं। हमको भी उन्होंने गुमराह किया। सेना के खाने का मामला इंटरनल मामला है। सेना में तो सांप को भी खाने की ट्रेनिंग दी जाती है। ऐसी चीजे वायरल करना सेना और सरकार के साथ खिलवाड़ है।
वहीं दूसरी ओर अधिवक्ता कमलेश चंद्र त्रिपाठी ने भी जिलाधिकारी से मुलाकात कर तेजबहादुर के वायरल वीडियो को गंभीरता से लेते हुए उनके खिलाफ तत्काल एक्शन लेने की प्रार्थना पत्र सौंपा।