" /> डीएन नगर से मंडाले सिर्फ ४० मिनट!

डीएन नगर से मंडाले सिर्फ ४० मिनट!

मुंबई में ३०० किमी से अधिक मेट्रो कॉरिडोर का जाल बिछाने का काम प्रगति पर है। अंडर ग्राउंड मेट्रो-३ (कुलाबा से सिप्ज) परियोजना का काम मुंबई मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (एमएमआरसीएल) कर रहा है, जबकि मेट्रो से जुड़ी अन्य सारी परियोजनाएं मुंबई महानगर विकास प्राधिकरण (एमएमआरडीए) के अंतर्गत की जा रही हैं। मेट्रो की सारी परियोजनाओं में से मेट्रो-२बी रेल परियोजना भी काफी महत्वपूर्ण है क्योंकि ये मेट्रो लाइन डी.एन. नगर से मंडाले के बीच तैयार होगी जो पूर्व से पश्चिम उपनगर मुंबई को कनेक्टिविटी प्रदान करेगी। इसके बन जाने पर डीएन नगर से मंडाले ४० मिनट में लोग पहुंच जाएंगे। लोगों का कम से कम ४० मिनट से १ घंटे का समय बचेगा।१०,९८६ करोड़ रुपए की लागत से तैयार हो रहे २३ किमी से अधिक लंबे इस मेट्रो लाइन का काम अब तक ७ फीसदी पूरा हो चुका है। दिसंबर, २०२२ में इस परियोजना को पूरा करने का लक्ष्य प्राधिकरण ने रखा है। मेट्रो-२बी परियोजना की वर्तमान निर्माण कार्य स्थिति पर ‘दोपहर का सामना’ की विशेष रिपोर्ट:-
५ स्टेशनों के काम प्रगति पर
मेट्रो-२बी कॉरिडोर के एलिवेटेड होने के साथ ही इस परियोजना के अंतर्गत कुल २२ स्टेशनों का निर्माण होगा। वर्तमान में एमएमआरडीए ५ मेट्रो स्टेशन डायमंड गार्डन स्टेशन, शिवाजी चौक स्टेशन, बीएसएनएल मेट्रो स्टेशन, मानखुर्द स्टेशन और मंडाले स्टेशन का निर्माण कार्य पर फोकस कर रही है। इन स्टेशनों के फाउंडेशन और पायलिंग का काम १५ फीसदी पूरा हो चुका है, जबकि संपूर्ण मेट्रो लाइन-२बी के मेट्रो स्टेशन का काम १.९ फीसदी पूरा हुआ है।
इतने पिलर हुए तैयार
मेट्रो-२बी कॉरिडोर के अंतर्गत कुल १,०७५ पिलर तैयार होंगे। वर्तमान में ६३ पिलरों का काम पूरा हो चुका है, जबकि १,०१२ पिलरों के निर्माण का काम प्रगति पर है।
डिपो का काम
मेट्रो-२बी कॉरिडोर का डिपो मंडाले में तैयार किया जा रहा है। वर्तमान में मंडाले डिपो, मेट्रो स्टेशन और मेट्रो पुल के निर्माण की स्थिति पर नजर डालें तो मंडाले डिपो का काम ६.९ फीसदी, मेट्रो स्टेशन १.९ फीसदी और मेट्रो पुल का निर्माण कार्य ८.९ फीसदी पूरा हो चुका है, जबकि कुल कॉरिडोर का काम ७ फीसदी पूरा हुआ है।
लॉकडाउन में मजदूरों की स्थिति
कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए देशभर में लॉकडाउन २५ मार्च को जारी कर दिया गया था। ऐसे में लॉकडाउन के दौरान मेट्रो-२बी परियोजना के अंतर्गत मार्च-५४२, अप्रैल-५४२, मई-१८५, जून-१६० जुलाई-१८० मजदूर कार्य कर रहे थे।
मेट्रो की इंटरकनेक्टिविटी
मेट्रो-२बी कॉरिडोर वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, पश्चिम रेलवे, मध्य रेलवे, मोनो रेल चेंबूर, मेट्रो लाइन-१ (घाटकोपर से वर्सोवा) और मेट्रो लाइन-२ ए (दहिसर से डी.एन. नगर) मेट्रो लाइन-४ (वडाला से कासरवाड़ावली), मेट्रो लाइन-३ ( कुलाबा से सिप्ज) कनेक्टिविटी देगी।
होंगे २२ स्टेशन
ईएसआईसी नगर, प्रेम नगर, इंदिरा नगर, नानावटी हॉस्पिटल, खीरा नगर, सारस्वत नगर, नेशनल कॉलेज, बांद्रा मेट्रो, एमएमआरसीए ऑफिस, इनकम टैक्स
ऑफिस, आईएलएफएस, एमटीएनएल मेट्रो, एस.जी. बर्वे मार्ग, कुर्ला टर्मिनल, कुर्ला (पूर्व), ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे, चेंबर, डायमंड गार्डन, शिवाजी चौक, बीएसएनएल मेट्रो, मानखुर्द, मंडाले मेट्रो।
अनुमानित यात्री सफर
अनुमान के मुताबिक शुरुआत में मेट्रो से इस रूट पर ८.९० लाख और साल २०३१ तक १०.४९ लाख यात्री रोजाना मेट्रो से सफर करेंगे।
कोच की यात्री क्षमता
मुंबई में जब मेट्रो रेल का परिचालन इस रूट पर शुरू होगा तो ६ कोच के मेट्रो रेक में यात्री क्षमता १,७५६ होगी, जबकि ८ कोच में यह संख्या २,२४४ हो जाएगी।