…तो महाराष्ट्र सुजलाम सुफलाम हुआ होता, आदित्य ठाकरे ने किया आघाड़ी सरकार का पंचनामा

कांग्रेस-भ्रष्टवादी आघाड़ी ने सत्ता में रहते हुए अपने १५ वर्षों के कार्यकाल के दौरान राज्य में सिर्फ एक ही काम किया है। आघाड़ी ने लोगों के बीच जाति-पांति और धर्म के नाम पर जनता के बीच सिर्फ झगड़ा लगाया है। मध्यांतर के ये १५ वर्ष व्यर्थ चले गए। यही वर्ष शिवसेना-भाजपा महायुति को मिला होता तो महाराष्ट्र का सही मायने में सुजलाम-सुफलाम हुआ होता। किसान आगे बढ़े होते, महिलाएं सुरक्षित रहतीं और विद्यार्थियों के लिए नई शिक्षा प्रणाली अमल में लाई जाती। महाराष्ट्र का ज्यादा से ज्यादा विकास हुआ होता, इन शब्दों में शिवसेना नेता व युवासेनाप्रमुख आदित्य ठाकरे ने आघाड़ी सरकार के कार्यकाल का पंचनामा किया।
शिरूर लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र के शिवसेना-भाजपा महायुति प्रत्याशी शिवाजीराव आढलराव पाटील के प्रचारार्थ उरुली कांचन में महायुति की विशाल सभा आयोजित की गई थी। इस सभा को संबोधित करते हुए आदित्य ठाकरे ने कहा कि महायुति की सरकार ने इन पांच वर्षों में कांग्रेस-राकांपा आघाड़ी द्वारा किए गए घोटालों के पाप को धोने का काम किया है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि आनेवाले पांच वर्षों में महायुति की सरकार एक नए महाराष्ट्र का निर्माण करेगी। उन्होंने कहा कि इस चुनाव में एक ओर शिवसेना है, जो हमेशा न्याय के लिए लड़ती है, दूसरी ओर भ्रष्टवादी पार्टी है, जिसे सिर्फ सत्ता का लालच है। शिवराय का भगवा लिए हम आगे बढ़ रहे हैं। जिस शिरूर में शिवनेरी है, उस शिरूर के वासी कभी भगवा का साथ नहीं छोड़ेंगे, ऐसा विश्वास जताते हुए आदित्य ठाकरे ने कहा कि महाराष्ट्र में जहां-जहां मैं प्रचार के लिए जा रहा हूं, वहां-वहां एक ही रंग मुझे दिखाई दे रहा है, वो है भगवा, भगवा और भगवा। आदित्य ठाकरे ने कहा कि शिवसेना-भाजपा महायुति की सरकार में राज्य और केंद्र में सबसे ज्यादा विकास कार्य किया है। १९९५ में युति सरकार के कार्यकाल में ५५ फ्लाई ओवर, मुंबई-पुणे एक्सप्रेस हाई-वे जैसी कई परियोजनाएं अस्तित्व में आर्इं। वर्तमान में सड़क और जलमार्ग को जोड़ने का काम महायुति सरकार के कार्यकाल में हुआ है। नए एयरपोर्ट का निर्माण, समृद्धि महामार्ग का कार्य प्रगति पर है। राहुल गांधी पर कटाक्ष करते हुए उन्होंंने कहा कि राहुल गांधी ने गरीबी हटाओ का नारा दिया है। यह नारा राहुल की दादी के समय से चला आ रहा है लेकिन गरीबी आम जनता की नहीं, गांधी परिवार की दूर हुई। उन्होंने कहा कि ये चुनाव दो उम्मीदवारों का नहीं, दो व्यक्तियों का नहीं, गली का नहीं, ग्राम पंचायत का नहीं, राज्य का नहीं बल्कि ये चुनाव राष्ट्र का है इसलिए आपका हर वोट निर्णायक है। आपका वोट धनुष-बाण को मतलब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को है। एक तरफ ५६ लोगों का दल है तो दूसरी तरफ ५६ इंच का सीना, जो एक मजबूत सरकार दे सकता है। उन्होंने मतदाताओं से सवाल किया कि आपको मजबूत सरकार चाहिए या मजबूर सरकार? जिसके जवाब में सभी ने एक स्वर में ‘मजबूत सरकार चाहिए’ का नारा दिया।