" /> दो जिंदगियों को मिला नया जीवन!, देवदूत बनकर पहुंचे थे सिपाही, बच्चे संग महिला ट्रेन के सामने कूदी थी

दो जिंदगियों को मिला नया जीवन!, देवदूत बनकर पहुंचे थे सिपाही, बच्चे संग महिला ट्रेन के सामने कूदी थी

यूपी के फिरोजाबाद जिले में रविवार को दर्दनाक हादसा होते-होते बच गया। राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) के दो सिपाहियों की सजगता से एक महिला और उसके तीन महीने के बच्चे की जान बच गई। दरअसल महिला ट्रेन के सामने कूदकर आत्महत्या करने जा रही थी, तभी दोनों सिपाहियों ने बड़ी सतर्कता के साथ महिला को बचा लिया। इस तरह सिपाहियों ने दो जिंदगियों को नया जीवन दिया।
रेलवे ट्रैक के आस-पास मौजूद लोगों के मुताबिक एक महिला गोदी में तीन महीने के बच्चे को लेकर आई। कुछ देर वह वहीं बैठी रही, तभी दूर से एक मालगाड़ी आती दिखाई दी। इस बीच महिला ने अपने बच्चे को गोदी से उतारकर दूसरी तरफ के रेलवे ट्रैक पर रख दिया और खुद मालगाड़ी के सामने कूदने को तैयार हो गई। इसी बीच राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) के सिपाही राघवेंद्र और योगेंद्र ने देखा कि महिला तो ट्रेन के सामने कूद जाएगी। दोनों सिपाहियों ने बिना समय गंवाए महिला की तरफ दौड़ पड़े। महिला की जिंदगी खत्म करने के लिए सामने से मालगाड़ी आ रही थी तो जिंदगी बचाने के लिए पीछे से जीआरपी के दो सिपाही पहुंच गए। भगवान का शुक्र था कि मालगाड़ी के पहुंचने से ठीक पहले बिल्कुल फिल्मी अंदाज में दोनों सिपााहियों ने महिला को रेलवे ट्रैक से हटाया। इस बीच महिला को हल्की चोट भी लग गई। सिपाहियों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, वहीं महिला का बच्चा बिल्कुल सुरक्षित है। पुलिस ने महिला के परिजनों को सूचना दी और अस्पताल बुलाया। महिला के पति ने बताया कि वह घर से नाराज होकर आई थी। दोनों कांसटेबल को एसपी रेलवे मोहम्मद मुश्ताक ने सम्मानित करने का फैसला लिया है।