कांग्रेस में जारी कोहराम!, नाराज नेताओं में घमासान

दो राज्यों में विधानसभा चुनाव की घोषणा होने के बाद से ही कांग्रेस पार्टी में कोहराम मचा हुआ है। कांग्रेसी नेता टिकट बंटवारे में पक्षपात का आरोप लगाकर पार्टी छोड़ने तक की धमकी दे रहे हैं। हरियाणा और महाराष्ट्र दोनों जगहों पर ही घमासान मचा हुआ है। हालत इतनी खराब है कि राजनीति के जानकारों का मानना है कि एक तो कांग्रेस की हालत पहले से ही खराब है, ऊपर से ऐसी कलह पार्टी को पूरी तरह गर्त में डुबो देगी। पहले हरियाणा में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अशोक तंवर ने टिकटों में खरीद-फरोख्त का आरोप लगाया और अब यहां मुंबई कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष संजय निरुपम ने अपने उम्मीदवार को टिकट नहीं दिए जाने पर बागी तेवर दिखाते हुए चुनाव प्रचार न करने का एलान किया है।
संजय निरुपम ने तो कल एलानिया अंदाज में कह दिया कि लगता है पार्टी को अब मेरी जरूरत नहीं रह गई है। दूसरी तरफ मुंबई की कालीना सीट से ६ महीने पहले केरल से मुंबई लौटे जॉर्ज अब्राहम को टिकट दिए जाने पर मुंबई कांग्रेस के महासचिव ब्रायन मिरांडा खासे नाराज हैं और सोनिया गांधी को खत लिखकर उन्होंने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए प्रिया दत्त की पोल खोली है। इसी तरह गोरेगांव से टिकट नहीं मिलने से नाराज मुंबई कांग्रेस के सचिव सूर्यकांत मिश्र ने भी आगामी चुनाव में प्रचार नहीं करने की बात कही है। कमोबेश यही हाल हर जगह का है। हैरानी की बात है कि कांग्रेस का जो हाल है, उसमें पहले से ही उसकी जीत पर संकट मंडरा रहा है। ऐसे में पार्टी की ऐसी अंदरुनी कलह पार्टी का पूरी तरह सफाया कर देगी, इसमें शक की गुंजाइश नहीं है।

पिछले कुछ वर्षों में पूरे देश में कांग्रेस का जबरदस्त पतन हुआ है। लगातार दो बार लोकसभा चुनावों में पार्टी का सूपड़ा साफ हुआ है मगर पार्टी नेताओं की आपसी कलह खत्म होने का नाम नहीं ले रही है। हरियाणा और महाराष्ट्र दोनों राज्य में विधानसभा के चुनाव हो रहे हैं। दोनों ही जगहों पर टिकटों की मारामारी पार्टी के भीतर मची हुई है। पूर्व मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष संजय निरुपम ने तो ‘बैरागी’ भाव अपनाते हुए सीधे प्रचार से दूर रहने का एलान कर दिया है। अगर ऐसी ही हालत रही तो पूरे महाराष्ट्र में कांग्रेस की जमानत जप्त होनी तय है।
महाराष्ट्र में गुरुवार को जारी कांग्रेस के उम्मीदवारों की लिस्ट के बाद निरुपम ने ट्वीट कर कहा है कि शायद पार्टी को अब उनकी सेवाओं की जरूरत नहीं रह गई है। वहीं हरियाणा में कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अशोक तंवर ने आरोप लगाया है कि हरियाणा कांग्रेस अब हुड्डा कांग्रेस हो गई है। बता दें कि महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस को अच्छे उम्मीदवार तलाशने में परेशानी हो रही है। गुरुवार को कांग्रेस की जारी उम्मीदवारों की लिस्ट से इसका संकेत मिलता है। इसमें पार्टी की ओर से ऐसे उम्मीदवारों को टिकट दिया गया, जो दो दिन पहले तक भाजपा में जाने को तैयार थे। हालांकि इससे पार्टी काडर को धक्का लगा है। उनका कहना है कि पार्टी को उनकी वफादारी का सम्मान करते हुए मिसाल पेश करनी चाहिए थी। मुंबई कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष संजय निरूपम ने भी ट्विटर पर अपनी नाराजगी जाहिर की है। बता दें कि विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस की ओर से नेता विपक्ष रहे राधाकृष्ण विखे पाटिल समेत कई दिग्गज नेता पार्टी छोड़ भाजपा में शामिल हो चुके हैं।