" /> फ्लोर टेस्ट से पहले विधायकों को बचाने में जुटे भाजपा-कांग्रेस

फ्लोर टेस्ट से पहले विधायकों को बचाने में जुटे भाजपा-कांग्रेस

मध्य प्रदेश में आया सियासी तूफान तेजी पकड़ रहा है। राज्यपाल लालजी टंडन ने फ्लोर टेस्ट के आदेश दे दिए हैं। विधानसभा का बजट सत्र शुरू होने से पहले फ्लोर टेस्ट कराया जाएगा जिसके लिए भाजपा और कांग्रेस अपनी ताकत झोंकने के लिए तैयार हैं। कांग्रेस ने अपने विधायकों को जयपुर से वापस बुला लिया है और सीएम कमलनाथ वैâबिनेट की बैठक की। वहीं दिल्ली में भाजपा की बैठक भी जारी थी, जिसमें ज्योतिरादित्य सिंधिया भी पहुंचे थे।
राज्य कांग्रेस के कद्दावर नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया के भाजपा का दामन थामने के साथ ही मुख्यमंत्री कमलनाथ की कुर्सी डोलने का खतरा हो गया था। भाजपा मांग कर रही थी कि फ्लोर टेस्ट कराया जाए। राज्यपाल के आदेश के बाद अब वह और भी कॉन्फिडेंट है, वहीं फ्लोर टेस्ट से एक दिन पहले कांग्रेस ने अपने विधायकों को जयपुर के रिजॉर्ट से भोपाल बुला लिया है। खबरों की मानें तो इन विधायकों को भोपाल आने के बाद भी होटल में एक साथ रखा जाएगा। कांग्रेस ने अपने विधायकों को वापस लाने का जिम्मा पार्टी के सीनियर नेता हरीश रावत को सौंपा। इन विधायकों को कड़ी सुरक्षा के बीच हवाई जहाज से भोपाल लाया गया। कांग्रेस किस हद तक सतर्कता बरत रही है इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि भोपाल एयरपोर्ट पर धारा १४४ लागू कर दी गई। इसी बीच मुख्यमंत्री कमलनाथ ने वैâबिनेट की बैठक बुलाई थी। दिल्ली में केंद्रीय मंत्री और भाजपा नेता नरेंद्र सिंह तोमर के घर पर बैठक की जा रही है। बैठक में मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान मौजूद थे। उनके अलावा कांग्रेस छोड़ भाजपा में शामिल हुए सिंधिया भी बैठक में हिस्सा लेने पहुंचे थे।