" /> बाबा रामदेव, बालकृष्ण, निम्स के डॉ. तोमर पर केस दर्ज

बाबा रामदेव, बालकृष्ण, निम्स के डॉ. तोमर पर केस दर्ज

-सवालों के घेरे में बाबा के दावे
-निम्स ने छोड़ा बाबा का साथ

योगगुरु बाबा रामदेव की कोरोनिल दवा पर विवाद गहराता ही जा रहा है। कोरोना निवारण के दावों पर निर्मित उनकी दवाई सवालों के घेरे में है। केंद्र सरकार भी उनके दावों पर ज्यादा भरोसा नहीं कर रही, तभी आयुष मंत्रालय ने उनकी दवा पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाई है। बाबा रामदेव पर भ्रम फैलाने को लेकर कई जगहों पर मामले दर्ज हो चुके हैं। मामला शांत होने की बजाय तूल पकड़ता जा रहा है। एक और केस उन पर और उनकी टीम के मुख्य सदस्यों पर दर्ज हो गया है। बाबा रामदेव, आचार्य बालकृष्ण, जयपुर की नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (निम्स) यूनिवर्सिटी के डीन डॉ. बीएस तोमर, उनके बेटे अनुराग तोमर व पतंजलि रिसर्च इंस्टीट्यूट के चैयरमेन अनुराग वार्ष्णेय पर धोखाधड़ी, षडयंत्र, अफवाह व भ्रम फैलाने को लेकर एफआईआर दर्ज की गई है। मामला कल शाम को जयपुर के ज्योतिनगर पुलिस स्टेशन में दर्ज हुआ है। सभी आरोपियों को नोटिस भेजा गया है। जयपुर में ही इन सभी आरोपितों पर एक और केस गांधीनगर पुलिस थाने में भी दर्ज किया गया है। ये मामला राजस्थान के रहनेवाले डॉ. संजीव गुप्ता द्वारा दर्ज कराया गया है, वहीं राजस्थान चिकित्सा विभाग ने पतंजलि व दिव्य फार्मेसी के सभी उत्पादों की जांच करने को लेकर एक टीम गठित की है। केंद्र सरकार भी बाबा रामदेव पर बड़ी कार्रवाई का मन बना चुकी है। जांच हो जाने के बाद उन पर एक्शन होना निश्चित है। फिलहाल पूरे मामले पर खबर लिखे जाने तक बाबा रामदेव की तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है। निम्स पर आरोप लगने के बाद डीन डॉ. बीएस तोमर ने पतंजलि से अपना हाथ खींच लिया है।