" /> भूमिपूजन के लिए धोपाप से पवित्र जल-रज कलश पहुंचा अयोध्या

भूमिपूजन के लिए धोपाप से पवित्र जल-रज कलश पहुंचा अयोध्या

श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के भूमिपूजन के लिए गुरुवार को तीर्थराज धोपाप की पवित्र माटी व जलकलश लेकर ‘रामभक्त’ विधायक देवमणि द्विवेदी अयोध्या पहुंच गए। इसके पहले विधानपूर्वक रज-जलकलश का पूजन-अर्चन किया गया। कुशनगरी (सुल्तानपुर) में जगह-जगह श्रद्धालुओं ने कलश की आरती उतारी और भक्ति गीत गाए गए।
मान्यता है कि रावण वध और लंका विजय के पश्चात भगवान श्रीरामचंद्र ने ब्रह्मदोष से मुक्ति पाने के लिए अवधपुरी के दक्षिण (वर्तमान सुल्तानपुर) आदिगंगा गोमती में स्नान एवं दीपदान किया था। तभी से भगवान को भी पापमुक्त करने वाले उस स्थल को ‘धोपाप धाम’ के नाम से जाना जाने लगा। गुरुवार को पूर्वघोषित कार्यक्रम के अनुसार भाजपा विधायक देवमणि द्विवेदी सपत्नीक आदिगंगा के धोपाप स्थित तट पर पहुंचे। यहां उन्होंने प्राचीन रामजानकी मंदिर में पूजन-अर्चन के पश्चात विधानपूर्वक कलश में जल-रज संकलित किया। पुरोहित ने मंत्रोच्चार के साथ कलश का पूजन किया।..और फिर कलश लेकर विधायक द्विवेदी गंतव्य की ओर निकल पड़े। ‘जयश्रीराम’ के उदघोष के मध्य चांदा के शिवालयों से होते हुए लंभुआ, कामतागंज, हनुमानगंज आदि विभिन्न कस्बों व बाजारों में रामभक्तों और धर्मप्राण जनता ने कलश का स्वागत किया, आरती उतारी। दोपहर बाद द्विवेदी विशेष वाहन पर कलश लेकर अयोध्या पहुंचे। जहां उन्होंने मानस भवन में साधु-संतों को भगवान को भी दोषमुक्त करने वाले तीर्थस्थल धोपाप की माटी व आदिगंगा का जल कलश सौंप दिया है। विधायक द्विवेदी ने बताया, कि आज मेरी मनोकामना पूर्ण हुई। यूं तो अक्सर मैं अयोध्या जाता रहा पर जन्मभूमि कभी नहीं गया। क्योंकि मेरी सदैव प्रबल इच्छा रही कि मंदिर निर्माण के अवसर पर पहुंचू। अव वो ऐतिहासिक अवसर आया तो मुझे यह पुण्य कार्य करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। धोपाप की रज-जल अयोध्याजी तक पहुंचाने का सौभग्य मुझे ईश्वर की अनुकंपा से ही प्राप्त हुआ है। मैं कृतकृत्य हुआ।