भूलभुलैया में भूले घर का रास्ता! आरपीएफ ने किया रेस्क्यू

मां की डांट और पिता की पिटाई से बचने के लिए लोकल ट्रेन पकड़कर दहिसर से दो बच्चे चर्नी रोड तक तो पहुंच गए लेकिन जब घर वापसी की बारी आई तो बच्चे मुंबई की भूलभुलैया में अपने घर का रास्ता ही भूल गए। चर्चगेट आरपीएफ ने इन बच्चों को लावारिश अवस्था में चर्नी रोड स्टेशन पर जब घूमते हुए पकड़ा। तब बच्चों के घर से भागकर यहां तक पहुंचने की कहानी सामने आई।
 आरपीएफ से प्राप्त जानकारी के मुताबिक १२ वर्षीय विशाल घर से ट्यूशन के लिए निकाला था लेकिन वह ट्यूशन न जाकर मैदान में क्रिकेट खेल रहा था। ऐसे में ट्यूशन न आने पर टीचर ने विशाल की मम्मी को फोन कर यह जानकारी दी कि आज विशाल क्लास नहीं आया है। पुलिस के मुताबिक जब विशाल घर पहुंचा और मां ने ट्यूशन न जाने के पीछे की वजह पूछी तो विशाल की पोल खुल गई। दरअसल विशाल ट्यूशन के बहाने मैदान में क्रिकेट खेल रहा था। पुलिस ने बताया कि जब मां ने विशाल को खूब डांट लगाई और शाम को पिता को शिकायत करने की बात की तो पिता की पिटाई से बचने के लिए वह अपने दोस्त आयुष के साथ घर से भाग गया और दहिसर से लोकल ट्रेन में बैठकर घूमते-घूमते चर्नी रोड स्टेशन पहुंचा था, जहां घूमते हुए आरपीएफ जवान रामचरित्र कुशवाह और एमएसएफ जवान रितेश चव्हाण ने पकड़ा था। चर्चगेट आरपीएफ के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक विनीत कुमार ने बताया कि दोनों बच्चों से उनके परिवरवालों का नंबर लेकर उन्हें फोन किया गया और चाइल्ड हेल्पलाइन की मदद से जरूरी औपचारिकतायें पूरी कर उन्हें उनके माता पिता को सौंप दिया गया है।