मंदिर-मंदिर घूमते हो राम मंदिर पर क्यों नहीं बोलते? -उद्धव ठाकरे का राहुल गांधी पर कटाक्ष

रायगड के बाद कल देवरुख और कणकवली में भी भगवा लहर नजर आई। देवरुख व कणकवली में आयोजित महायुति की सभा में एक बार फिर शिवसेनापक्षप्रमुख उद्धव ठाकरे ने अपनी तोप विरोधियों पर दागी। महायुति के संकल्पपत्र पर रोशनी डालते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा कि हमारा संकल्पपत्र देखिए और विपक्ष का घोषणापत्र देखिए। राहुल गांधी सभी ओर घूम रहे हैं। वायनाड में वे लुंगी पहनकर घूमे, अब उन्हें मंदिर दिखाई दिए। चुनाव आया तो सोनिया होम-हवन करा रही हैं और राहुल मंदिर-मंदिर घूम रहे हैं। तो फिर राम मंदिर के संदर्भ में वे क्यों नहीं बोलते? ऐसा सवाल करते हुए उद्धव ठाकरे ने राहुल गांधी पर कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि हमारे संकल्पपत्र में राम मंदिर का उल्लेख है और हम राम मंदिर बनाकर ही रहेंगे। उद्धव ठाकरे के इस विश्वास पर पूरा परिसर तालियों की गड़गड़ाहट और ‘जय भवानी, जय शिवाजी’ के जयघोष से गूंज उठा।
देवरुख व कणकवली में कल रत्नागिरी-सिंधुदुर्ग लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र के महायुति प्रत्याशी विनायक राऊत के प्रचारार्थ अभूतपूर्व सभाएं आयोजित की गई थीं। दोनों जगह मंच पर जैसे ही शिवसेनापक्षप्रमुख उद्धव ठाकरे का आगमन हुआ, ‘कोण आला रे कोण आला, शिवसेनेचा वाघ आला’ के जयघोष से पूरा मैदान गूंज उठा। अपने भाषण की शुरुआत करते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा कि काम करने वाले करते हैं और नहीं करनेवाले सिर्फ शोर मचाते हैं। इस निर्वाचन क्षेत्र में किसी ने झंडे की दुकान शुरू की है। उनके पास न तो कोई विचार हैं और न ही कोई काम। बाप के पास एक झंडा, भाई के पास दूसरा झंडा तो बेटा तीसरा झंडा लेकर घूम रहा है। हमने कोकण को जो वचन दिया था, उसे पूरा किया। यही वजह है कि आज इस सभा में जनसैलाब उमड़ पड़ा है। इस दौरान उद्धव ठाकरे ने कहा कि शिवसेना-भाजपा की युति हिंदुत्व के लिए हुई है। उन्होंने शिवसेनाप्रमुख द्वारा कही गई बातों को याद दिलाते हुए कहा कि बालासाहेब ने प्रमोद महाजन से कहा था कि एक दिन इस देश का हिंदू हिंदुत्व के लिए वोट डालेगा।
६० वर्ष खाकर भी जिनके पेट नहीं भरे, उन्होंने इस देश को सिर्फ लूटने का काम किया है, कई घोटाले किए हैं। इतने घोटाले किए हैं कि गिनती भी कम पड़ जाए। खुद लुटेरे हैं और दूसरे को चोर कहते हैं। इन लुटेरों का एक पैर जेल में है, यह वे नहीं भूलें, इन कड़े शब्दों में चेताते हुए शिवसेनापक्षप्रमुख उद्धव ठाकरे ने कांग्रेस-राकांपा आघाड़ी पर कटाक्ष किया।
देवरुख व कणकवली में कल रत्नागिरी-सिंधुदुर्ग लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र के महायुति प्रत्याशी विनायक राऊत के प्रचारार्थ अभूतपूर्व सभाएं आयोजित की गई थीं। सभा में उमड़े जनसैलाब की ओर इशारा करते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा कि कर्मठ कार्यकर्ता आज कड़ी धूप में भी खड़े हैं। यहां बैठने के लिए जगह नहीं है। हमारे यहां कुर्सी के लिए कोई भूखा नहीं है। इस दौरान स्वातंत्र्यवीर सावरकर के कार्यों का उल्लेख करते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा कि स्वातंत्र्यवीर और रत्नागिरी का एक अटूट नाता है। सावरकर मृत्युंजय थे। राहुल गांधी नालायक, उसे सावरकर को डरपोक कहना चाहिए क्या? सावरकर को वीर नहीं कहें तो क्या इस नकारे राहुल को वीर कहें? ऐसा सवाल करते हुए उद्धव ठाकरे, राहुल गांधी पर जमकर बरसे। सावरकर को ये समझ ही नहीं पाएंगे। सावरकर का अपमान करनेवाले राहुल गांधी का नेतृत्व आज के कांग्रेसी कार्यकर्ताओं को स्वीकार है क्या? ऐसा सवाल भी उन्होंने किया। आतंकियों के पनाहगार पाकिस्तान में २ बार घुसकर उन्हें सबक सिखानेवाले मोदी हिंदुस्थान के पहले प्रधानमंत्री हैं, जिसका निश्चित ही गर्व है, ऐसा उद्धव ठाकरे ने कहा। उन्होंने आगे कहा कि कोकण और कोकणवासी शिवसेना की रीढ़ हैं। मुझे किसी भी कुर्सी का मोह नहीं है। धनुष्य-बाण और कमल को वोट मतलब आपने खुद को वोट दिया है। अपने भविष्य और सुरक्षा के लिए यह मतदान है। देश सुरक्षित हाथों में रहे इसके लिए विनायक राऊत को विजयी बनाना ही होगा क्योंकि हमें मोदी को ही दोबारा प्रधानमंत्री बनाना है, ऐसा स्पष्ट करते हुए उन्होंने कहा कि हमने कोकण में विकास कार्य किया है और सामनेवाले हमसे पूछते हैं कि क्या विकास किया? जिसे ये विकास कार्य नजर नहीं आ रहा है, वो खुद चुनाव के बाद नजर नहीं आएगा, ऐसा कटाक्ष भी उद्धव ठाकरे ने किया। इस मौके पर भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष व विधायक प्रसाद लाड, पालकमंत्री रवींद्र वायकर, शिवसेना सचिव मिलिंद नार्वेकर, म्हाडा अध्यक्ष उदय सामंत, विधायक सदानंद चव्हाण, विधायक राजन सालवी, पूर्व राज्यमंत्री रवींद्र माने, जिलापरिषद अध्यक्ष स्वरूपा सालवी, देवरुख नगराध्यक्ष मृणाल शेट्ये सहित बड़ी संख्या में महायुति के पदाधिकारी उपस्थित थे।