मेट्रो से हिला मरोल -घरों में पड़ी दरारें

मुंबई में चारों तरफ चल रहे मेट्रो के निर्माण कार्य ने मुंबईकरों को काफी परेशान कर रखा है। पर इनमें मेट्रो-३ ने तो हद की सीमाएं तोड़ डाली है। यह मेट्रो अंडरग्राउंड है और इसके लिए मशीन से जमीन के भीतर टनल बनाया जा रहा है। टनल तो जमीन के काफी नीचे बन रहा है पर उसका असर जमीन के ऊपर भी हो रहा है। जमीन के ऊपर की इमारतें हिल रही हैं और कई जगहों पर उनमें दरारें आ गई हैं जिससे उनमें रहनेवाले निवासियों में काफी डर का माहौल है।
मेट्रो३ का काम काफी तेजी से हो रहा है। कुलाबा-बांद्रा-सीप्ज के ३३.५ किलोमीटर की लंबी दूरी की इस मेट्रो रेल लाइन के लिए अंडर ग्राउंड टनल की खुदाई की जा रही है। करीब १३ किलोमीटर का काम पूरा हो गया है। टनल की खुदाई का काम अब पश्चिमी उपनगर के मरोल में शुरू हो गया है। शहर की तरह ही मरोल इलाका भी मेट्रो कार्य से हिलने लगा है। शहर के फोर्ट परिसर की हेरिटेज इमारतों की तरह मरोल गांवठन परिसर की इमारतें भी कंपकंपाने लगी हैं। यहां तक कि घरों व इमारतों में दरारें भी पड़ने लगी हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि खुदाई कार्य के दौरान होनेवाली मशीनों की आवाज से पहले ही रातों की नींद हराम हो गई है। ऊपर से खुदाई से मकान हिलने से जान का खतरा भी बन गया है। हालांकि इन सबकी भनक मुंबई मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड को है, फिर भी वो इसकी अनदेखी कर रही है।
मेट्रो ३ से खतरे में जान
मुंबई में मेट्रो रेल का कार्य हर जगह जारी है। शहर हो या पश्चिम उपनगर या फिर पूर्वी उपनगर सभी जगहों पर मेट्रो के लिए खुदाई की जा रही है। इस खुदाई से मुंबई का सड़क यातायात बुरी तरह से लड़खड़ा गया है। मिनटों का सफर मुंबईकर घंटों में तय कर पा रहे हैं। दूसरी ओर इस कार्य से अपने घरों में रहना भी अब लोगों के लिए जान का खतरा बन गया है। अंडरग्राउंड टनल कार्य से पहले ही शहर की कई हेरिटेज इमारतें प्रभावित हो चुकी हैं। इसके बावजूद मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन किसी तरह की सावधानी नहीं बरत रहा है। शहर के बाद मरोल इलाके के घर भी टनल की खुदाई से प्रभावित हो रहे हैं। मरोल निवासी गॉडफ्रे पिमेंटा ने बताया कि खुदाई के लिए इस्तेमाल की जानेवाली टनल बोरिंग मशीन के चलने से यहां की इमारतें हिलने लगती हैं। पिछले १० दिनों से जारी इस खुदाई कार्य से लोगों की नींद हराम हो गई है। पिमेंटा ने बताया कि मरोल गांवठन के अधिकांश मकानों में दरारें आ गई हैं। हालांकि इन सभी चीजों से मुंबई मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड के अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है। फिर भी अधिकारी इसे अनदेखा कर रहे हैं। मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड के प्रवक्ता ने बताया कि सभी कार्य नियमों के आधार पर किए जा रहे हैं। साथ ही उन्होंने इस बात से भी इंकार किया है कि खुदाई से कोई भी मकान प्रभावित हुआ है।