" /> ‘मैंने उसे सहज ही स्वीकार कर लिया!’- परमीत सेठी

‘मैंने उसे सहज ही स्वीकार कर लिया!’- परमीत सेठी

 ‘स्पेशल ऑप्स’ को स्वीकारने की मुख्य वजह क्या रही?
‘हॉट स्टार’ निर्मित वेब शो ‘स्पेशल ऑप्स’ को निर्देशित किया है नीरज पांडे ने। नीरज पांडे इस दौर के बेहतरीन निर्देशकों में से एक हैं। बहुत रियलिस्टिक अप्रोच के साथ उनकी फिल्में और उनका काम होता है। ‘स्पेशल ऑप्स’ को बहुत बड़े पैमाने पर बनाया गया है। ऐसे सक्षम मेकर से ऑफर मिलना खुशी की बात है। वेब सीरीज में काम करना मेरे लिए डेब्यू है।
 बतौर एक्टर और डायरेक्टर क्या आपको लगता है कि वेब सीरीज की बढ़ती लोकप्रियता फिल्मों की लोकप्रियता को कम कर देगी?
हो सकता है लॉन्ग रन में वेब सीरीज का फर्क पड़े पर इतनी जल्दी कोई फर्क नहीं पड़नेवाला। आज मोबाइल लोगों के हाथों में पहुंच चुका है। मेरे घर में काम करनेवाली भी अपने कानों में ईयर फोन लगाकर काम करती है। जब मैं और अर्चना पूरन सिंह बच्चों के साथ डिनर के लिए होटल जाते हैं तो मैं देखता हूं बच्चे हो या बुजुर्ग सभी अपने मोबाइल पर लगे हुए हैं।
 आपका किरदार क्या है?
के.के. मेनन इस शो में स्पेशल टास्क ऑफिसर हैं और मैं भी। इससे ज्यादा बताना अलाउड नहीं है।
 एक्टिंग करियर अच्छा चलने के बावजूद आप निर्देशक क्यों बने?
जिंदगी में एक ऐसा मोड़ आता है जब हम सोचते हैं कि हमने आज तक के करियर में क्या अचीव किया? वैसे मैंने अपने करियर में शोहरत, पैसा सब कुछ कमाया। मैंने मन ही मन सोचा कि अगर मुझे निर्देशक बनने का मौका मिला तो मैं ये काम जरूर करूंगा। ‘यशराज फिल्म्स’ से जब मुझे निर्देशक बनने का ऑफर मिला तो मैंने उसे सहज ही स्वीकार कर लिया।
 ‘दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे’ आज भी ‘मराठा मंदिर’ में चल रही है। आप कुछ कहना चाहेंगे?
जब ये फिल्म बन रही थी तो ऐसा किसी को नहीं लगा था कि ये फिल्म इतिहास रचेगी। मुझे इस बात की खुशी है कि मैं भी इस फिल्म का अटूट हिस्सा हूं।
 आप इंडस्ट्री में किन बदलावों को महसूस करते हैं?
फिल्म इंडस्ट्री का जो दौर इस समय है वो बहुत बेहतरीन है। आज हर
जॉनर की फिल्में बन रही हैं। फिल्मों का सफल या असफल होना हमारे हाथ में नहीं होता लेकिन आज हर किसी को काम मिल रहा है। अगर आप में टैलेंट है तो आप अवश्य चमकेंगे।
 आपका व्यक्तित्व किसी हीरो से कम नहीं इसके बावजूद आपको निगेटिव रोल मिले?
विनोद खन्ना बेहद हैंडसम थे उसके बावजूद उन्होंने निगेटिव रोल निभाया। शत्रुघ्न सिन्हा ने भी पॉजिटिव और निगेटिव दोनों रोल किए। इसका मुझे कोई मलाल नहीं है, बल्कि मैं इंडस्ट्री का शुक्रगुजार हूं जिसने मुझे बार-बार मौका और नाम दिया।
 आपके वैवाहिक जीवन की सफलता का राज क्या है?
वाहे गुरु का आशीर्वाद है। हमारा रिश्ता शादी के पहले दिन से ही सदाबहार रहा है और इस प्यारे रिश्ते का श्रेय हम दोनों को है। फिल्म ‘कुछ कुछ होता है’ में अर्चना का एक डायलॉग है, जिसमें वो कहती है, ‘प्यार दोस्ती है!’ यही हमारी सफल शादी का राज है।