मॉल से मॉल तक दौड़ेगी मेट्रो

ठाणे और मुंबई शहर को मेट्रो सेवा से जोड़ने के लिए मेट्रो-४ परियोजना एमएमआरडीए द्वारा शुरू की गई है लेकिन मेट्रो-४ के निर्माण कार्य के चलते ठाणे शहर की जनता अधिक परेशान हो रही है। हाल ही में जनता की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए ‘म्यूज’ संस्था और ‘ठाणे नागरिक प्रतिष्ठान’ द्वारा एक सर्वेक्षण किया गया। संस्था द्वारा जानकारी दी गई कि वडाला से कासरवड़वली तक मेट्रो मॉल से मॉल तक दौड़ेगी।

बता दें कि कासरवड़वली-वडाला मेट्रो-४ का काम तेजी से चल रहा है। ट्रैफिक के सामने ठाणेकरों ने घुटने टेक दिए हैं। ठाणेकरों की समस्या को प्रशासन तक पहुंचाने के लिए म्यूज संस्था और नागरिक प्रतिष्ठान संस्था द्वारा एक सर्वे किया गया था, जिसमें संस्था ने कुल १००० ठाणेकरों से इस संबंध में बातचीत की और सर्वे रिपोर्ट तैयार की है। ‘म्यूज संस्था’ के अधिकारी निशिकांत बंगेरा ने ‘दोपहर का सामना’ को बताया कि सर्वे में ठाणेकरों ने यह भी साफ कर दिया है कि उन्हें एलिवेटेड मेट्रो नहीं बल्कि अंडरग्राउंड मेट्रो की आवश्यकता है।

मेट्रो का मॉल स्टेशन
वडाला-कासरवड़वली मेट्रो-४ में कुल मुंबई और ठाणे में कुल ३० स्टेशन हैं, जिनमें १३ स्टेशन ठाणे में और १७ स्टेशन मुंबई में मौजूद हैं। मेट्रो ४ परियोजना के डीपीआर के आधार पर मॉलों को स्टेशन बनाने को प्राथमिकता दी गई हैं। इनमें मानपाड़ा के आर मॉल, विवियाना मॉल, कोरम मॉल, इटर्निटी मॉल, आर मॉल मुलुंड, निर्मल लाइफस्टाइल-मुलुंड, मैग्नेट मॉल-मुलुंड, और ड्रीम्स मॉल भांडुप के सामने ही स्टेशन बनाए गए हैं। मेट्रो ४ के ३० स्टेशनों में से कुल ८ स्टेशनों को मॉल के सामने ही बनाया गया है।

 १००० नागरिकों से पूछे गए सवालों के जवाब।
 ७९ प्रतिशत ठाणेकरों को अंडरग्राउंड मेट्रो की आवश्यकता है।
 ९१ प्रतिशत ठाणेकरों को मेट्रो क्या है यह भी नहीं पता।
 ३४ प्रतिशत ठाणेकरों को मेट्रो स्टेशनों का पता ही नहीं।
 ६८ प्रतिशत ठाणेकरों को ट्रैफिक समस्या का सामना करना पड़ रहा है।