मौसम में उतार-चढ़ाव से घट रहा है कुओं का पानी, एमएमआरसीएल का दावा

मेट्रो-३ की टनल खुदाई के चलते मुंबई के कुओं का जलस्तर घटता जा रहा है। इस संबंध में पारसी समुदाय ने मुंबई मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन को शिकायत की थी, जिसके जवाब में मेट्रो प्रशासन ने कहा है कि कुओं के जलस्तर में आई कमी की वजह मौसम में हो रहे उतार-चढ़ाव का नतीजा है। एमएमआरसीएल ने दावा किया है कि पारसी समुदाय द्वारा शिकायत मिलने के बाद उन्होंने सर्वे किया था, जिसके बाद यह निष्कर्ष निकला है।

करीम मंजिल, सिंगापुरी और सुखड़वाला बिल्डिंग के निवासियों ने एमएमआरसीएल को पत्र लिखकर उन्हें अवगत कराया था कि मेट्रो टनल की खुदाई के कारण उनकी बिल्डिंगों के आस-पास स्थित सैकड़ों साल पुराने कुओं का जलस्तर घटता जा रहा है। इस शिकायत से संबंधित एक पत्र पारसी समुदाय ने एमएमआरसीएल को भेजा था। शिकायत मिलने के बाद एमएमआरसीएल ने दावा किया है कि उन्होंने शिकायतकर्ता के इलाके के आस-पास मौजूद कुएं के जलस्तर की निरंतर मॉनिटरिंग की। अधिकारियों का कहना है कि जलस्तर में कमी के पीछे की वजह मौसम में हो रहा उतार-चढ़ाव है, इसके अलावा कुछ नहीं है। एमएमआरसीएल ने पत्र में दावा किया है कि टनल खुदाई के पहले और उसके बाद की रिपोर्ट का विश्लेषण किया गया, जिसमें पता चला है कि जलस्तर में आई गिरावट का टनल की खुदाई से कोई लेना-देना नहीं है, वहीं पारसी समुदाय ने एमएमआरसीएल के इस दावे को बेतुका बताया है और कहा है कि यह सर्वे उन्होंने कब किया? टनल की खुदाई का काम पूरा हो जाने के बाद रिपोर्ट का क्या तर्क है? ऐसे सवाल भी पारसी समुदाय ने उठाए हैं।