" /> योगी को धमकी पर धमकी : मुंबई से धमकी देनेवाले को लखनऊ ले जाएगी एसटीएफ

योगी को धमकी पर धमकी : मुंबई से धमकी देनेवाले को लखनऊ ले जाएगी एसटीएफ

कोरोना संकट के कारण लगे लॉकडाउन में यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को धमकी दिए जाने का सिलसिला भी लगातार जारी है। योगी को धमकी देनेवाले मुंबई के सिरफिरे को यूपी एसटीएफ की टीम लखनऊ ले जाकर पूछताछ करने की तैयारी कर रही है। इसी बीच योगी को ट्वीटर पर गोली मारने की धमकी दिए जाने का एक और मामला सामने आया है। धमकी के इस मामले में दिल्ली में रहनेवाले यूपी के एक प्रवासी मजदूर को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। यूपी नहीं लौट पाने तथा भूख से व्याकुल होकर उसने योगी को गोली मारने की धमकी दी थी। फिलहाल योगी को बम से उड़ाने की धमकी देने के मामले में मुंबई की अदालत ने कामरान अमीन खान नामक सिरफिरे को 28 मई तक के लिए ट्रांजिट रिमांड पर लखनऊ ले जाने की इजाजत यूपी एसटीएफ को दे दी।
बता दें कि दिल्ली से सटे ग्रेटर नोएडा में तीन दिन से खाना न मिलने पर एक युवक ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को ट्वीटर पर गोली मारने की धमकी दी। मामला संज्ञान में आते ही नोएडा पुलिस की साइबर सेल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी राकेश जायसवाल के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। ये गिरफ्तारी शनिवार देर रात हुई है। राकेश कुशीनगर का रहनेवाला है। बताया जा रहा कि ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क थाना क्षेत्र में रहनेवाले राकेश जायसवाल को तीन दिन से भोजन नहीं मिला था। आरोपित ने बताया कि आस-पास के रहनेवालों से उसने मदद मांगी लेकिन उसे मदद नहीं मिली। इससे गुस्से में आकर उसने ट्वीटर पर सीएम योगी को गोली मारने की धमकी दे दी। आरोपित ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान फैक्ट्री बंद होने की वजह से उसका रोजगार बंद हो गया था और वो तीन दिनों से भूखा था।
इससे पहले मुंबई के चुनाभट्टी इलाके में रहनेवाले कामरान अमीन खान नामक सिरफिरे ने गत गुरुवार को यूपी पुलिस के यूपी 112 के हेल्पडेस्क के व्हॉट्सएप नंबर 7570000100 पर संदेश भेजकर योगी को बम से उड़ाने की धमकी दी थी। उक्त सिरफिरे को मुंबई एटीएस की कालाचौकी यूनिट ने शनिवार को गिरफ्तार किया था। लखनऊ में एसटीएफ के एएसपी विशाल विक्रम सिंह ने पत्रकारों को बताया कि मुंबई के चूनाभट्टी इलाके से पकड़े गए कामरान को ट्रांजिट रिमांड पर लेकर यूपी एसटीएफ की टीम लखनऊ लौट रही है। इस साजिश में किसी संगठन का हाथ है कि नहीं, उससे पूछताछ के बाद ही पता चल सकेगा। उसके खिलाफ लखनऊ के गोमतीनगर थाने में आइपीसी की धारा 505(1)/(ब), 506 और 507 के तहत इंस्पेक्टर धीरज शुक्ला की तहरीर पर एफआईआर दर्ज हुई थी।