" /> लॉकडाउन में चालान काटकर साढ़े 5 करोड़ रुपए की कमाई!

लॉकडाउन में चालान काटकर साढ़े 5 करोड़ रुपए की कमाई!

70 हजार से अधिक वाहनों को पुलिस ने किया जब्त

कोरोना संक्रमण के कारण पूरे देश में लॉकडाउन लागू किया गया है। जरूरी न होने पर घर से न निकलने की सख्त मनाई है। इसके बावजूद कई लोग ऐसे हैं, जो प्रशासन के नियमों को अनदेखा कर घरों से बाहर निकल रहे हैं। पुलिस भी बेवजह बाहर निकल रहे लोगों पर सख्त कार्रवाई कर रही है। लॉकडाउन में महाराष्ट्र पुलिस ने गैर जरूरी वाहनों पर कार्रवाई करते हुए चालकों का चालान काटा है। चालान से पुलिस को 5 करोड़ 51 लाख 72 हजार 545 रुपए की कमाई हुई है, इसके साथ पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए 72 हजार 755 वाहनों को जब्त किया है।
ट्रैफिक विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, मुंबई शहर में जहां रेड जोन घोषित किया गया है, वहां फिलहाल रियायतें नहीं दी जा रही हैं। जरूरी सामान को लाने और पहुंचाने को छोड़कर किसी अन्य व्यक्ति को वाहन के इस्तेमाल करने की मनाई है। रिक्शा एवं टैक्सी को भी बंद किया गया है। ऐसे में अगर कोई व्यक्ति नियम का उल्लंघन करते हुए पाया जा रहा है, तो उस पर त्वरित कार्रवाई की जा रही है। बता दें कि उत्तर मुंबई में पुलिस अतिरिक्त आयुक्त दिलीप सावंत के नेतृत्व में अभी तक 700 से अधिक गैर जरूरी वाहनों पर कार्रवाई की गई है, जिसमें ऑटोरिक्शा और दोपहिया वाहनों की तादाद अधिक बताई जा रही है। मुंबई पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अभी तक 2,400 से अधिक वाहनों को जब्त किया है। राज्य में अवैध ट्रांसपोर्ट के कुल 1,323 मामले दर्ज किए गए हैं।
बॉम्बे हाइकोर्ट ने पुलिस से पूछा, क्या बिना एफआईआर दोपहिया वाहनों को जब्त किया गया है?
शुक्रवार को बॉम्बे हाइकोर्ट ने बीकेसी पुलिस स्टेशन से पूछा है कि लॉकडाउन में पुलिस ने दोपहिया वाहन को बिना एफआईआर दर्ज किए जब्त किया है। दरअसल, एक याचिकाकर्ता ने पुलिस पर आरोप लगाया है कि पुलिस ने उसके दोपहिया वाहन को जब्त कर लिया और इसके बदले किसी भी प्रकार की एफआईआर दर्ज नहीं की गई और न ही पुलिस ने किसी भी प्रकार की रसीद दी है। याचिकाकर्ता ने बताया कि उसे सायन अस्पताल मेडिकल चेकअप के लिए जाना पड़ता है और लॉकडाउन में उसकी गाड़ी ही एकमात्र साधन थी, जिसे वह जल्द-से-जल्द छुड़वाने की मांग कर रहा है। मामले की सुनवाई करते हुए न्यायाधीश आर.डी. धनुका एवं अभय अहूजा ने पुलिस से सवाल किया है कि क्यों बिना एफआईआर वाहन को जब्त किया गया है और उसे कब छोड़ा जाएगा।