" /> लॉकडाउन में जप्त किए गए वाहनों को छोड़ने की प्रक्रिया शुरू : शिवसेना विधायक सरनाईक ने की थी मांग

लॉकडाउन में जप्त किए गए वाहनों को छोड़ने की प्रक्रिया शुरू : शिवसेना विधायक सरनाईक ने की थी मांग

वाहन धारकों को बड़ी राहत
कोरोना वायरस के कारण सर्वत्र लागू की गई लॉकडाउन और संचारबंदी में यातायात पुलिस द्वारा जप्त किए गए वाहनों को अब दंड की आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर वाहनधारकों को सौंप दी जाएगी। इसकी मांग शिवसेना विधायक प्रताप सरनाईक ने ठाणे ग्रामीण पुलिस अधीक्षक डॉ. शिवाजी राठौड़ से की थी। राठौड़ ने सरनाईक की मांग पर शीघ्र निर्णय लेते हुए इस आशय के आदेश संबंधित पुलिस अधिकारियों को दिया है। इससे पुलिस द्वारा जप्त किए गए वाहन धारकों को बड़ी राहत मिली है।
लॉकडाउन की अवधि में मीरा-भाइंदर शहर में हजारों आम नागरिकों की मोटर सायकिल, कार, टेंपो आदि गाड़ियां यातायात पुलिस द्वारा जप्त कर ली गई थीं, जिनकी गाड़ियां जप्त की गई थीं, उनको उनकी गाड़ियां लॉकडाउन समाप्त होने के बाद दंड की प्रक्रिया पूर्ण कर वापस किए जाने की बात स्थानीय पुलिस द्वारा कही जा रही थी। वहीं लॉकडाउन की समय सीमा निर्धारित नहीं होने के कारण जप्त की गई हजारों गाड़ियां डेढ़-दो माह से पुलिस थानों व शहर में यत्र-तत्र पड़ी धूल खा रही थीं। सरनाईक ने इन वाहनों के खराब हो जाने या इनके पार्ट्स चोरी हो जाने व इससे आम नागरिकों को बेवजह नुकसान होने की आशंका अपने पत्र में व्यक्त की थी।
बता दें कि कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने और इस पर नियंत्रण लगाने हेतु लागू की गई संचारबंदी और लॉकडाउन की अवधि में यातायात विभाग और मीरा-भाइंदर के सभी ६ पुलिस थानों के अधिकारियों और कर्मचारियों की मदद से नाकाबंदी की गई थी। इस अवधि में २० मार्च, २०२० से २१ मई, २०२० के बीच एमवी एक्ट (मोटर-व्हीकल एक्ट) के तहत करीब ३२ हजार ७६५ वाहनों के चालान काटे गए और उनसे १ करोड़ ३० लाख ७० हजार ८०० रुपए का दंड वसूला गया। इसमें ३६, २७१ वाहनों पर केस दर्ज किया गया, जिसमें २५, ४३० दुपहिया वाहन, ३,८०६ तीन पहिये वाहन, ७,०३५ चार पहिये वाहन और मनाई आदेश के तहत ७,९८४ के खिलाफ कारवाई की गई। ऐसी जानकारी यातायात विभाग के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक अनिल पवार और सहायक पुलिस निरीक्षक एम.जी पाटील ने दी।

◆ लॉकडाउन की अवधि में मीरा-भाइंदर यातायात पुलिस द्वारा वाहनों पर सिर्फ दंडात्मक कारवाई की गई थी, उनके वाहन जप्त नहीं किए गए थे। वाहनों को कोविड एक्ट के तहत संबंधित पुलिस थानों के अधिकारियों-कर्मचारियों द्वारा जप्त किया गया था। ठाणे ग्रामीण पुलिस अधीक्षक डॉ. शिवाजी राठौड़ द्वारा इस संबंध में जारी किए गए आदेशों और निर्देशों का हम सभी पालन करेंगे।