" /> काशी में फंसे 90 बटुकों को समाज सेवी ने प्रशासन की मदद से पहुंचाया उनके घर

काशी में फंसे 90 बटुकों को समाज सेवी ने प्रशासन की मदद से पहुंचाया उनके घर

कोरोना संक्रमण के रोक थाम के लिए दो माह से ऊपर लगे देशव्यापी लॉकडाउन के चलते हर राज्य में लोग फंसे हुए हैं, जिन्हें उनके घर वापस भेजने का कार्य शासन और प्रशासन कर रही है। धर्म की नगरी काशी में मध्य प्रदेश से वेदों का ज्ञान लेने आये कई सारे बटुक भी लॉकडाउन के चलते यहीं पर फंसे हैं, जिनमें से कुछ को सामाजिक कार्यकर्ता और अधिवक्ता तुषार गोस्वामी ने प्रशासन की मदद से उनके घर तक पहुंचाया है।

लगातार कोरोना संक्रमण को फैलता देख एमपी से संस्कृत का ज्ञान लेने आये बटुकों के परिवार वाले काफी परेशान हो गए। इस महामारी के चलते बटुक भी अपने घर जाने के लिए परेशा थें। इन बटुकों की समस्या का जब अधिवक्ता और समाजसेवी तुषार गोस्वामी को पता चला तो उन्होंने 9 मई से 22 मई तक में करीब 90 बटुकों को प्रशासन की मदद से उनके घर तक पहुंचाया।

तुषार ने बताया कि जब सभी बटुक अपने घर पहुंच गए तो उनके परिवार वालों का भी मुझे फोन आया और बटुकों के परिवार वालों ने मुझे ढेरों आशीर्वाद दिया और यह भी कहा के आपने इस नेक कार्य से अपना परिवार बढ़ा लिया है, जिसे सुनकर मुझे लगा के मेरी मेहनत सफल हो गई।

उन्होंने बताया कि अभी भी क़रीब 100 संस्कृत छात्र जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं यहां फसें हैं। उनको भी शासन और प्रशासन की मदद से भेजने के लिए प्रयासरत हूँ। तुषार ने कहा मैं उन सभी का धन्यवाद करता हूं जो इस नेक कार्य में उनकी मदद कर रहे हैं।