शिवसेना सांसदों के प्रतिनिधिमंडल ने की रिजर्व बैंक के गवर्नर से मुलाकात

पीएमसी बैंक घोटाले को लेकर कल शिवसेना सांसदों के प्रतिनिधिमंडल ने आरबीआई गवर्नर से मुलाकात की। खून-पसीने से कमाई खाताधारकों की जमापूंजी को वैâसे सुरक्षित किया जाए? इसको लेकर सांसदों ने गवर्नर को कई सुझाव दिए। गवर्नर ने भी शिवसेना के सुझावों का स्वागत किया और सकारात्मकता दिखाई।
बता दें कि कल शिवसेना के सांसदों ने रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास से पंजाब एंड महाराष्ट्र को.ऑप. बैंक घोटाले को लेकर गहन चर्चा की। पीएमसी बैंक में १८ लाख खाताधारकों के पैसे सुरक्षित हों, यह मांग सांसदों ने गवर्नर से की। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि खाताधारकों की जमा राशि को सुरक्षित करने के लिए पीएमसी बैंक को एक राष्ट्रीयकृत या बड़े निजी बैंक में विलीन करना चाहिए। पीएमसी बैंक पर जो पाबंदी लगाई गई उसे हटाकर और बड़े खाताधारकों से विनती की जाए कि वे ३ से ४ साल तक पैसे न निकालें। बैंक को अपना नियमित व्यवहार करने दिया जाए तो यह बैंक और खाताधारकों दोनों के लिए उचित होगा। इसके अलावा प्रतिनिधिमंडल ने अधिक प्रशिक्षित और विशेषज्ञ अधिकारियों द्वारा रिजर्व बैंक परीक्षण सख्ती से करने की बात भी कही। इसके अलावा खाताधारकों के बीमा की राशि एक लाख से बढ़ कर ५ लाख होनी चाहिए, ऐसी मांग भी की।
गवर्नर दास ने शिवसेना के सुझावों का स्वागत करते हुए आश्वासन दिया कि उचित समय पर उचित कदम उठाया जाएगा। शिवसेना की प्रतिनिधिमंडल में केंद्रीय भारी उद्योग मंत्री अरविंद सावंत, शिवसेना नेता व सांसद गजानन कीर्तिकर, शिवसेना सचिव व सांसद अनिल देसाई और शिवसेना सांसद राहुल शेवाले उपास्थित थे।