" /> संपादक के नाम पत्र…सिग्नल ठीक कराएं

संपादक के नाम पत्र…सिग्नल ठीक कराएं

सिग्नल ठीक कराएं
‘दोपहर का सामना’ के माध्यम से ट्रैफिक पुलिस का ध्यान नई मुंबई में स्थित मुकुंद कंपनी बस स्टॉप के पास लगे सिग्नल की तरफ दिलाना चाहता हूं। नई मुंबई में बेलापुर रोड पर स्थित मुकुंद कंपनी बस स्टॉप के पास लगा सिग्नल लगभग आठ-नौ महीने से बंद है, जिससे स्थानीय लोगों को पैदल चलकर रोड क्रॉस करना दुश्वार हो गया है। रोड क्रॉस करने में १० से १५ मिनट लग जाता है। सड़क पार करने में सुबह और शाम को ट्रैफिक लग जाती है। सिग्नल बंद होने से कभी बड़ी दुर्घटना हो सकती है। अत: ट्रैफिक विभाग के अधिकारियों से अनुरोध है कि सिग्नल को ठीक कराएं। जिससे आम लोगों को रोड क्रॉस करने में परेशानी न हो सके।
-अंगद विश्वकर्मा, ऐरोली, नई मुंबई

बैंक मिनिमम बैलेंस कम करें
‘दोपहर का सामना’ के माध्यम से केंद्र सरकार और आरबीआई के अधिकारियों का ध्यान बैंकों के खाताधारकों के मिनिमम बैलेंस की तरफ दिलाना चाहता हूं। इस समय आर्थिक मंदी चल रही है। लोगों के पास धन की तंगी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वरिष्ठ नागरिकों को घर से बाहर निकलने को मना किया है। अब लोगों का खर्चा वैâसे चलेगा? मेरा सुझाव है कि जब तक कोरोना का प्रकोप है तब तक प्राइवेट बैंकों को मिनिमम बैलेंस १०,००० रुपए रखने का कानून रोक देना चाहिए और लोग वह पैसा अपने काम में लगा सकेंगे। प्रधानमंत्री ने वरिष्ठ नागरिकों को घर से बाहर निकलने को मना किया है तो वो क्रेडिट कार्ड का पैसा वैâसे भरेंगे? उसमें भी पेनाल्टी नहीं लगना चाहिए। वित्त मंत्री को तुरंत आदेश पास करना चाहिए। बता दें कि स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने हाल ही में मिनिमम बैलेंस की शर्त हटा ली है। -अशोक भाटिया, वसई पूर्व, (वरिष्ठ नागरिक)