" /> संपादक के नाम पत्र

संपादक के नाम पत्र

आगरा शहर में पेयजल की समस्या
मैं ‘दोपहर का सामना’ के माध्यम से महानगरपालिका का ध्यान विस्तारित आगरा शहर की पेयजल समस्या की ओर दिलाना चाहता हूं। शहर में इस समय चारों तरफ पेयजल की तकलीफ लोगों को झेलनी पड़ रही है। स्थानीय निवासियों को रात-रातभर जागकर पीने के पानी हेतु नींद खराब करनी पड़ती है। पेयजल आपूर्ति का कोई भी समय निश्चित नहीं है, जिससे स्थानीय निवासियों के रोजी धंधे पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। संबंधित विभाग के अधिकारियों से अनुरोध है कि लोगों को पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित कर समस्या से अतिशीघ्र मुक्त करने हेतु त्वरित कार्रवाई करें।
-अशोक पांचाल, आगरा, यूपी

 खाताधारकों पर बैंक चार्ज न लगाएं
‘दोपहर का सामना’ के माध्यम से केंद्र सरकार और आरबीआई के अधिकारियों का ध्यान बैंक खाताधारकों के हितों की ओर आकर्षित करना चाहता हूं। इस समय कोरोना महामारी के कारण कई लोगों का रोजगार खत्म हो गया है। लोग आर्थिक मंदी से जूझ रहे हैं। लोगों के पास धन का अभाव है। कई ऐसे खाताधारक हैं, जिनके खाते में अब कुछ ही राशि शेष रह गई है लेकिन वे अपनी मूलभूत जरूरतों के लिए भी अपना पैसा बैंक से नहीं निकाल रहे और अपने खाते में मिनिमम बैलेंस रखने को मजबूर हैं। मेरा सरकार से आग्रह है कि जब तक सब कुछ सामान्य नहीं हो जाता, तब तक लोगों को इस शर्त से राहत दी जाए और न्यूनतम बैलेंस न रहने पर भी उन्हें कोई चार्ज नहीं लगाया जाए। इसके साथ ही कई लोगों ने बैंक से विभिन्न प्रकार का ऋण लिया है, जिसकी ईएमआई भी भरना उनके लिए एक बड़ी चुनौती है। आम लोगों को राहत देते हुए इसमें भी रियायत दी जाए, साथ ही उनसे कोई अतिरिक्त ब्याज न लिया जाए। लोगों की इस दशा की ओर ध्यान देते हुए कृपया उपयुक्त कदम उठाएं और आम नागरिक को राहत दें।
-उदयभान मिश्रा, जवेरी बाजार, मुंबई