हड़ताल से बेस्ट को नुकसान, मोनो को लाखों का फायदा

महापौर बंगले पर मैराथन चर्चा होने के बाद भी कृति समिति बेस्ट हड़ताल पर अड़ी हुई है। कल चौथे दिन भी मुंबई की सड़कों पर एक भी बसें नहीं दिखाई दीं, जिससे यात्री जहां बेहाल हैं वहीं बेस्ट को इस हड़ताल से करीब १२ करोड़ रुपए का नुकसान हुआ है। दूसरी ओर बेस्ट बसों की हड़ताल का फायदा घाटे में चलनेवाली मोनो को हो रहा है। चार दिनों से चल रही हड़ताल से मोनो को लाखों रुपए का मुनाफा हुआ है। बता दें कि ७ तारीख की मध्य रात्रि से बेस्ट कर्मचारी हड़ताल पर हैं। अब ये हड़ताल और उग्र होनेवाली है। कल से मनपा कर्मचारी भी इस हड़ताल में शामिल हो सकते हैं। बेस्ट कर्मचारियों के समर्थन में पहले से ही बेस्ट बिजली विभाग के कर्मचारी उतरे थे। इस हड़ताल से पिछले ४ दिनों में बेस्ट प्रशासन को करीब १२ करोड़ रुपए का नुकसान हुआ है, वहीं इस हड़ताल से मोनो के यात्रियों की संख्या में इजाफा हुआ है। आम दिनों में मोनो से रोजाना १४ हजार यात्री यात्रा करते थे। हड़ताल के दिनों में ये संख्या बढ़कर २५ हजार हो गई है। यात्रियों की संख्या बढ़ने से मोनो की आय में भी इजाफा हुआ है। मोनो की रोजाना आय ९५ हजार रुपए है। अब यह करीब पौने २ लाख रुपए तक पहुंच गई है।


समिति का गठन
बेस्ट हड़ताल तत्काल समाप्त होनी चाहिए। इसके लिए सभी तरह का प्रयत्न शुरू है। इस संदर्भ में शिवसेनापक्षप्रमुख उद्धव ठाकरे से भी चर्चा हुई है। हड़ताल पर रास्ता निकालने के लिए राज्य के मुख्यसचिव, नगर विकास सचिव, परिवहन आयुक्त की समिति बनाई गई है। यह समिति महापालिका आयुक्त अजोय मेहता, बेस्ट महाप्रबंधक सुरेंद्र बागडे व बेस्ट कर्मचारी के प्रतिनिधि से चर्चा करेगी। ऐसी जानकारी मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने दी। बेस्ट हड़ताल के संबंध में नियुक्त उच्च स्तरीय समिति की बैठक आम होनेवाली है। इसकी जानकारी मुख्यमंत्री फडणवीस ने केंद्र को दी है। उन्होंने कहा कि बेस्ट हड़ताल के कारण निर्माण हुई परिस्थिति का रास्ता निकालने का प्रयत्न शुरू है। उच्च न्यायालय को उच्च स्तरीय समिति स्थापना करने की भी जानकारी दी गई है।