" /> १३ निजी अस्पतालों में कोरोना मरीजों के लिए बेड रहेंगे उपलब्ध

१३ निजी अस्पतालों में कोरोना मरीजों के लिए बेड रहेंगे उपलब्ध

एमबीएमसी ने शुरू की ८० प्रतिशत कोटा निर्धारित करने की कारवाई

मीरा-भाइंदर शहर के १३ निजी कोविड-१९ अस्पतालों में राज्य सरकार के निर्देशानुसार स्थानीय मरीजों को ८० प्रतिशत बेड्स उपलब्ध कराने व इलाज की दर पर नियंत्रण करने की कारवाई एमबीएमसी ने शुरू की है, ऐसी जानकारी अतिरिक्त आयुक्त महेश वरुड़कर ने दी है।
निजी अस्पतालों द्वारा कोरोना मरीजों के इलाज के नाम पर मनमाना बिल वसूल किए जाने पर अंकुश लगाने के लिए हाल ही में मनपा आयुक्त डॉ. विजय राठौड़ ने मनपा के सभी अधिकारियों की बैठक बुलाई थी। इस बैठक में शहर के निजी कोविड -१९ अस्पतालों में मनपा के कोटे के ८० प्रतिशत बेड निश्चित करने तथा कोरोना उपचार की दर पर नियंत्रण रखने के निर्देश आयुक्त ने उपस्थित अधिकारियों को दिए थे।
इसके अनुसार मनपा ने शहर के फैमिली केयर, वोकहार्ट, मेडिटेक, क्रिटीकेयर, कोहार, नेपच्युन, तुंगा, पी.वी. दोशी, गैलेक्सी, शालोम, शामभारती, भक्तिवेदांत तथा श्री सिद्धी विनायक इन १३ कोविड-१९ के इलाज करनेवाले निजी अस्पतालों में मनपा के कोटे के ८० प्रतिशत बेड स्थानीय मरीजों को उपलब्ध कराकर देने की कारवाई शुरू की है। इस पर नियंत्रण के साथ ही ८० प्रतिशत कोटा के अंतर्गत उपचार करानेवाले मरीजों के खर्च पर भी नियंत्रण रखने के लिए प्रत्येक अस्पतालों में एक-एक अधिकारी भी नियुक्त किए जाने की जानकारी अतिरिक्त आयुक्त महेश वरुड़कर ने दी।
बता दें कि कोरोना के संक्रमण में वृद्धि होने के साथ-साथ इसके उपचार में निजी अस्पतालों द्वारा मनमाने बिल वसूलकर मरीजों को लूटने की शिकायतों में भी वृद्धि होती जा रही थी। राज्य सरकार द्वारा कोरोना उपचार के दर निश्चित किए जाने के बाद भी पीपीई किट के नाम पर भारी-भरकम बिल वसूल किए जा रहे थे, वहीं सरकार ने मनपा सीमांतर्गत कोविड-१९ अस्पतालों के ८० प्रतिशत बेड मनपा द्वारा प्रेषित या स्थानांतरित किए गए कोरोना मरीजों के लिए आरक्षित रखने के आदेश भी दिए गए थे। इस आदेश का पालन भी निजी अस्पतालों द्वारा नहीं किया जा रहा था। अब मनपा आयुक्त के इस निर्देश से कोरोना का उपचार करानेवाले मरीजों के बिलों पर अंकुश लग सकेगी व स्थानीय मरीजों को भी कम खर्च में निजी अस्पतालों में उपचार उपलब्ध हो सकेगी।