" /> अनुमति मिली तो चलानी पड़ेगी २,००० सर्विस!…. मामला लोकल में महिलाओं की अनुमति का

अनुमति मिली तो चलानी पड़ेगी २,००० सर्विस!…. मामला लोकल में महिलाओं की अनुमति का

सामान्य महिलाओं को लोकल ट्रेनों में अनुमति को लेकर राज्य सरकार से बात चल ही रही है। इसके साथ रेलवे भी अपनी ओर से तैयारी कर रही है। सोमवार से ही मुंबई में लोकल ट्रेनों की संख्या १,४०६ की गई है, यात्री भी करीब पांच लाख तक पहुंचने का अंदाजा है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सामान्य महिलाओं को इजाजत मिलने के बाद मान के चलिए प्रतिदिन १० लाख यात्री तो होने ही वाले हैं। इसके लिए पश्चिम और मध्य रेलवे को करीब २,००० सर्विस रोजाना चलानी पड़ेगी।
स्टाफ को किया गया अलर्ट
रेलवे की ओर से स्टेशनों पर स्टाफ को अलर्ट कर दिया गया है। खासतौर पर यात्री सुरक्षा में लगे कर्मचारियों को अलर्ट किया गया है। अधिकारी ने बताया कि राज्य सरकार की मांग है सुबह ११ बजे से दोपहर ३ बजे और शाम ७ बजे के बाद सामान्य महिलाओं को अभी एंट्री दी जाए। इसका मतलब है कि रेलवे के लिए पीक आवर्स का टाइम भी बढ़ने वाला है। अधिकारी ने बताया कि अभी सुबह के पीक आवर्स में ७ बजे से ११ बजे तक करीब पांच लाख यात्रियों को संभाला जा रहा है लेकिन ११ बजे से दोपहर तीन बजे तक अतिरिक्त ५ लाख या उससे भी ज्यादा महिला यात्रियों को संभालना है। इसके लिए स्टाफ को अलर्ट किया गया है जबकि शाम ७ बजे के बाद करीब १० लाख यात्रियों द्वारा पीक आवर्स शेयर किया जाएगा।
बेस्ट को भी करनी होगी तैयारी
बेस्ट की बसों द्वारा रोजाना करीब दस लाख यात्रियों को सर्विस दी जा रही है। मुंबई लोकल में यात्रियों की संख्या दोगुनी होने का मतलब है बेस्ट को फीडर रूट की सर्विस भी बढ़ानी पड़ेगी। बेस्ट के सूत्रों की मानें तो फिलहाल जिन रूट पर बसें चल रही हैं, उससे छेड़छाड़ नहीं की जाएगी। महिलाओं को लोकल में अनुमति मिलने के बाद नए पैटर्न का अध्ययन किया जाएगा।