" /> भायंदर टू वसई @१० मिनट में!

भायंदर टू वसई @१० मिनट में!

मुंबई से भायंदर होकर वसई-विरार शहर का सफर अब सुगम हो जाएगा। अब सिर्फ १० मिनट में लोग भायंदर से वसई-विरार तक पहुंच सकेंगे। भायंदर खाड़ी पर ६ लेन सड़क का पुल बनाने की निविदा हाल ही में एमएमआरडीए ने जारी की है। इस पुल को वर्ष २०१३ में मंजूरी दी गई थी। करीब १,१०० करोड़ रुपए की लागत से बननेवाले इस पुल का कार्य आगामी दो वर्ष में पूर्ण होने की अपेक्षा है।
रेल मार्ग से मुंबई-भायंदर व वसई-विरार शहर तो जुड़ा हुआ है, लेकिन सड़क मार्ग से वाहन लेकर जाने के लिए कई किमी की दूरी तय करनी होती है। रेल से १० मिनट के सफर की जगह मुंबई-अमदाबाद महामार्ग से डेढ़ से दो घंटे का समय लग जाता है। भायंदर-नायगांव के बीच स्थित ब्रिटिश कालीन रेलवे पुल को उपयोग में लाने की मांग नागरिकों द्वारा की जा रही थी लेकिन जर्जर होने के कारण उसकी अनुमति नहीं दी गई थी, जिससे इस रेलवे पुल के समानांतर सड़क मार्ग का पुल बनाने की मांग तेज हो रही थी। वर्ष २०१३ में एमएमआरडीए ने इस पुल के निर्माण कार्य को मंजूरी दी थी। अब हाल ही में एमएमआरडीए ने इस कार्य की निविदा जारी की है।
ऐसा होगा पुल
दहिसर से भायंदर (पश्चिम) के नेताजी सुभाषचंद्र बोस मैदान के पास से होकर नायगांव में इसे रिंगरूट से जोड़कर वहां से वसई मार्ग से होकर विरार के नारंगी तक यह सड़क मार्ग पुल के माध्यम से जुड़ जाएगी। इस पुल का उतार भायंदर, पांजू व नायगांव में होगा। ६ लेनवाले इस पुल की लंबाई ५ किमी और चौड़ाई ३० मीटर होगी।

इस रोड पुल के बन जाने से मुंबई, भायंदर, नायगांव, वसई-विरार क्षेत्र के नागरिकों को यातायात में काफी राहत मिलेगी। समय और र्इंधन की बचत होगी। इस पुल का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू हो, इसके लिए मैं सतत प्रयत्नशील था। अब इसकी शुरुआत होने जा रही है यह बहुत ही खुशी की बात है। राज्य की महाविकास आघाड़ी सरकार ऐसे विकास कार्यों को प्रधानता से बढ़ावा दे रही है। – प्रताप सरनाईक (शिवसेना प्रवक्ता व विधायक)