" /> भाभी बाहर दो आदमी मरे पड़े हैं… विकास भैया ने  मारा है!

भाभी बाहर दो आदमी मरे पड़े हैं… विकास भैया ने  मारा है!

सामने आई दो गैंगस्टरों के बीवियों की बातचीत

कानपुर का दुर्दांत विकास दुबे पुलिस मुठभेड़ में मारा जा चुका है पर अब उसके गांव बिकरू से नई-नई कहानियां निकल कर सामने आ रही हैं। ऐसी ही एक ऑडियो क्लिप सामने आई है जिसमें दो गैंगस्टरों की बीवियां दुर्दांत दुबे द्वारा किए पुलिस नरसंहार के बाद बात कर रही हैं। जब बाहर गोलियां चल रही थीं तब गांव में कुछ गैंगस्टर की बीवियां डरी-सहमी घरों के अंदर मौजूद थीं। जैसे ही गोलियों का शोर थमता है, बिकरू गांव से एक फोन लखनऊ जाता है। फोन पर दो गैंगस्टर की बीवियां थीं। इनमें से एक तो वो थी जिसके अपने दरवाजे और आंगन में तीन पुलिसवालों की लाशें पड़ी थीं। वो कह रही थी, ‘भाभी बाहर दो आदमी मरे पड़े हैं। मेरे दरवाजे और आंगन में मरा पड़ा है। पुलिस वाले हैं.. विकास भैया ने मारा है।’

ऊपर हो रही बातचीत में से एक आवाज गैंगस्टर विकास दुबे के भाई की पत्नी की है, जबकि दूसरी आवाज विकास दुबे के खास गुर्गे और ५० हजार के इनामी बदमाश शशिकांत की पत्नी की है। फोन शशिकांत की पत्नी ने लगाया था और बात विकास दुबे की भाभी से हो रही थी। ये बातचीत दो और तीन जुलाई की रात करीब डेढ़ बजे की है। मोबाइल पर रिकॉर्ड दो गैंगस्टर की पत्नियों की ये पूरी बातचीत ठीक उस वक्त की है, जब बिकरू गांव में पुलिस टीम पर हमला थम गया था।

हमले के बाद विकास यादव समेत उसके सारे गुर्गे घर छोड़ कर भाग गए थे। पीछे सिर्फ पुलिसवालों की लाशें रह गर्इं थी। इन्हीं में से तीन लाशें शशिकांत के घर के दरवाजे पर और आंगन में पड़ी थीं। तीनों ही लाशें पुलिसवालों की थीं। इन लाशों को देखते ही शशिकांत की पत्नी घबरा गई। इसके बाद उसने सीधे विकास दुबे की भाभी को उसके मोबाइल पर फोन किया था।

गैंगस्टर विकास दुबे की पत्नी ऋचा दुबे तब तक लखनऊ के कृष्णानंद इलाके के अपने दूसरे घर में थी। उधर, वे दोनों महिलाएं फोन पर बात कर रही थीं। इसका ऑडियो अब जाकर पुलिस के हाथ आया है। इस बातचीत से ये साफ हो जाता है कि दो और तीन जुलाई की रात बिकरू गांव में जो कुछ हुआ, उसकी जानकारी लखनऊ में विकास दुबे की भाभी को थी। न सिर्फ जानकारी थी बल्कि वो शशिकांत की पत्नी को ये सलाह भी दे रही थी कि पुलिस को वैâसे गुमराह करना है। शायद यही वजह है कि वारदात के बाद विकास दुबे के भागते ही उसकी पत्नी ऋचा दुबे भी गायब हो गई थी। लेकिन उज्जैन में विकास के हाथ लगते ही लखनऊ में ऋचा दुबे भी अचानक सामने आ जाती है। इसी तरह वारदात के बाद शशिकांत भी मौके से फरार हो गया था। लेकिन सोमवार की देर रात उसे गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तारी के बाद शशिकांत की निशानदेही पर पुलिस से लूटे गए सरकारी हथियार भी बरामद हो गए हैं, जिनमें से एके-४७ राइफल, विकास दुबे के उसी घर से मिली, जिसे पुलिस ने ढहा दिया था। जबकि इंसास राइफल शशिकांत के घर से बरामद हुई है। शशिकांत समेत इस मामले में अब तक कुल चार लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि विकास दुबे समेत ६ लोगों का अलग-अलग एनकाउंटर हो चुका है। फिर भी २१ नामजद लोगों में से ११ का पकड़ा जाना अभी भी बाकी है। वैसे हैरानी का बात ये है कि हादसे के फौरन बाद ही तलाशी के नाम पर पुलिस ने विकास दुबे का पूरा घर ढाह दिया था। खोद-खोद कर तलाशी ली थी, मगर तब पुलिस से लूटी गई एके-४७ राइफल नहीं मिली थी। अब उसी घर से राइफल बरामद हो जाना अपने आप में हैरान करनेवाला है।