" /> कोरोना हुआ कमजोर!, डबलिंग रेट हुई ९० दिन, रिकवरी रेट ८० प्रतिशत

कोरोना हुआ कमजोर!, डबलिंग रेट हुई ९० दिन, रिकवरी रेट ८० प्रतिशत

कोरोना को नियंत्रित करने के लिए मनपा द्वारा शुरू की गई ‘चेस द वायरस’ और ‘मिशन जीरो’ मुहिम सफल हो रही है। मुंबई में कोरोना कमजोर पड़ गया है। शहर और उपनगरों के अधिकांश इलाकों में कोरोना की चेन तोड़ने में मनपा सफल रही है। इसी का नतीजा है कि यहां कोरोना मरीजों के दोगुने होने की कालावधि ९० दिन हो गई है। इसके साथ ही रिकवरी रेट ८० प्रतिशत और मरीजों की वृद्धि दर ०.७८ प्रतिशत रह गई है।
९ वार्डों में डबलिंग रेट १००दिन के पार
मनपा के २४ वार्डों में से ९ वार्डों में कोरोना मरीजों के दोगुने होने की कालावधि १०० दिन के पार हो गई है जबकि ५ वार्डों में डबलिंग रेट ९० दिन, ४ वार्डों में ८० दिन, १ वार्ड में ७० दिन और ४ वार्ड में डबलिंग रेट ६० दिन हो गई है। इसके अलावा १९ वार्डों में मरीजों की वृद्धि दर १ प्रतिशत से भी कम रह गई है।
ऐसे आई गिरावट
कोरोना वायरस की चेन तोड़ने के लिए मनपा प्रयासरत है। डोर टू डोर स्क्रीनिंग, फीवर क्लिनिक, कांटेक्ट ट्रेसिंग, ट्रीटमेंट, जांच, प्रभावी क्वॉरंटीन व्यवस्था के चलते कोरोना को नियंत्रित करने में मनपा सफल रही, इसका सकारात्मक परिणाम भी सामने आ रहा है।
हॉटस्पॉट में भी मरीज हुए कम
कोरोना के हॉटस्पॉट इलाकों में भी अब प्रतिदिन गिनती के मरीज सामने आ रहे हैं। के/पश्चिम वॉर्ड के अंतर्गत अंधेरी-पश्चिम, वर्सोवा जैसे इलाके आते हैं। इस वार्ड में कोरोना मरीजों के दोगुने होने की कालावधि ९८ दिन हो गई है। यहां कोरोना की वृध्दि दर घटकर ०.६९ प्रतिशत पर आ गई है। इसी तरह घाटकोपर में डबलिंग रेट १०७ दिन, कुर्ला-एल वार्ड में ११४ दिन हो गई है। इसी तरह भांडुप-एस वार्ड में डबलिंग रेट ११६ दिन हो गई है।