" /> ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना न फैलने दें! -उद्धव ठाकरे

ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना न फैलने दें! -उद्धव ठाकरे

लॉकडाउन का उपयोग स्थिति सुधारने के लिए किया जाना चाहिए

विभिन्न महापालिकाओं ने अपने क्षेत्र में लॉकडाउन किया है। लॉकडाउन का उपयोग बड़ी संख्या में रोगियों और उनके अधिकतम संपर्क में रहनेवाले लोगों को खोजने के लिए किया जाना चाहिए, ताकि रोगियों को उपचार की सुविधा मिल सके। जिले के सभी नागरिकों को मिलकर कोरोना संक्रमण को कम करने के लिए हर संभव प्रयास करना चाहिए। शहरी क्षेत्रों में कोरोना है, उसे ग्रामीण क्षेत्रों में फैलने न दें। ऐसा निर्देश मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने कल टेलीविजन प्रणाली के माध्यम से राज्य के सभी जिलाधिकारी और आयुक्तों के साथ बातचीत के दौरान दिया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर आप लॉकडाउन लगाकर बीमारी को रोकने के बारे में सुनिश्चित हैं, तो अच्छे विश्वास के साथ तारतम्य बनाकर निर्णय लें। किसी पर जुल्म न हो। प्रशासन की सभी एजेंसियों को हाथ मिलाकर काम करना चाहिए। सरकार के सुझाव समय-समय पर आते हैं। किसी को भी इसकी व्याख्या अपनी सुविधानुसार नहीं करनी चाहिए। सरकार ने एंटीजन के संदर्भ में निर्देश दिए है।
प्रयोगशालाओं की संख्या बढ़ाकर १३० कर दी गई है। धार्मिक, सामाजिक और राजनीतिक कार्यक्रमों पर प्रतिबंध बरकरार रखा गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि त्योहार मनाते समय नए कंटेनमेंट जोन विकसित नहीं होना चाहिए। कुछ दिनों पहले विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा धारावी मॉडल की प्रशंसा की गई थी। मुंबई में अत्यंत पारदर्शी तरीके से काम किया गया है। कोई सूचना छिपी नहीं है। हमने लोगों से संकट की गंभीरता के बारे में भी खुलकर बात की है और नागरिकों को विश्वास में लेकर राज्य सरकार ने इससे कैसे मुकाबला किया है, इससे सभी लोग अवगत हैं। आप धारावी जैसे परिणाम राज्य में कही भी करके दिखा सकते हैं, ऐसा मुख्यमंत्री ने कहा।