" /> मुंबई से दिल्ली चली पहली स्पेशल ट्रेन : सुबह 9 बजे से ही स्टेशन पर पहुंचने लगे रेल यात्री

मुंबई से दिल्ली चली पहली स्पेशल ट्रेन : सुबह 9 बजे से ही स्टेशन पर पहुंचने लगे रेल यात्री

1200 यात्रियों ने किया सफर
लॉक डाउन के बीच कल मुंबई सेंट्रल से नई दिल्ली के लिए पहली स्पेशल ट्रेन अपने समय पर शाम साढ़े पांच बजे चली। ट्रेन में सफर करनेवाले यात्रियों की सुबह 9 बजे से ही रेल परिसर में भीड़ जुटना शुरू हो गई थी। ऐसे में रेल यात्रियों के ठहरने के लिए रेलवे ने मुंबई सेंट्रल के रिजर्वेशन हॉल में व्यवस्था की थीं। रेल यात्री सुबह से ही आ रहे थे इसलिए जैसे-जैसे रेल यात्री स्टेशन परिसर में पहुंच रहे थे, उनकी थर्मल स्क्रीनिंग कर उन्हें स्टेशन में जाने की अनुमति दी जा रही थी, जिससे स्टेशन परिसर में भीड़ कंट्रोल में दिखी। इस स्पेशल ट्रेन में कुल 20 डिब्बे थे, जिसमें 11 कोच थर्ड एसी, 5 कोच सेकेंड एसी और एक कोच फर्स्ट एसी का था जबकि ट्रेन में दो पॉवर कार व एक पेंट्री कार था।

मुंबई से वाया दिल्ली हरिद्वार
स्पेशल ट्रेन में सफर करनेवाले अधिकतर यात्री ऐसे थे, जो मुंबई से वाया दिल्ली अन्य राज्यों के लिए सफर करनेवाले थे ऐसे ही एक यात्री पुनीत सिंह से सामना संवाददाता ने बात की। पुनीत ने बताया कि वह मुंबई में नोकरी करते थे। लॉक डाउन के कारण काम बंद है। उन्हें हरिद्वार जाना था, ऐसे में मुंबई से दिल्ली के लिए स्पेशल ट्रेन चलने का फायदा उठाकर उन्होंने वाया दिल्ली हरिद्वार जाने की योजना बनाई। पुनीत ने बताया कि हरिद्वार जाने के लिए उन्होंने ऑनलाईन ई-पास रजिस्ट्रेशन करवा है। दिल्ली पहंचने के बाद वह की लोकल बॉडी से सड़क मार्ग के रास्ते आने की परमिशन लेंगे है। उन्होंने बताया कि इस प्रक्रिया में एक दिन दिल्ली में गुजर जाएगा लेकिन परमिशन मिलने की जरूर बात कही। वहीं एक अन्य यात्री कपिल कुमार ने बताया कि उन्हें गाजियाबाद जाना है। इसलिए उन्होंने पहले मुंबई से दिल्ली उसके बाद सड़क के रास्ते गाजियाबाद जाने की योजना बनाई है। कपिल ने बताया कि वह अंधेरी में एक प्राइवेट कंपनी में काम करते हैं। लॉक डाउन के कारण नौकरी चली गई। डेढ़ महीने से बैठे हैं। काम न होने के कारण केवल खर्च ही हो रहा है। इसलिए घर जाने का फैसला किया। ताकि परिवार के साथ समय बिता सके।

9 टैक्सी के बाद एक टैक्सी मिली
साहिब सिंह ने बताया कि मुंबई से उन्हें पंजाब जाना है। उन्होंने बताया कि दिल्ली से कोई व्यवस्था कर पंजाब जाएंगे। उन्होंने बताया कि ऐरोली से मुंबई सेंट्रल स्टेशन आने में उन्हें काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। 9 टैक्सीवालों से बात की लेकिन कोई जाने को तैयार नहीं था आखिर में एक टैक्सीवाला चलने के लिए तैयार हुआ, तब जाकर वह स्टेशन समय पर पहुंच पाए।

बेटी की डिलीवरी है जाना जरूरी
ऐरोली से आई ममता खत्री ने बताया कि उन्हें गुड़गांव जाना है। बेटी की डिलीवरी है। ऐसे में ई- टिकट निकलना उनके लिए बड़ी चुनौती थी। कैसे भी टिकट मिल जाए इसलिए उन्होंने ऑनलाईन टिकट बुकिंग के लिए दामाद, बेटा और भतीजे को लगाया था तब जाकर टिकट मिल पाई।

बहन के इंतकाल में आई
लॉक डाउन में फंस गई
30 वर्षीय फरा खान ने बताया कि वह नई दिल्ली से मुंबई आई थी। उनकी बहन का कैंसर से इंतकाल हो गया था लेकिन इंतकाल के बाद कोरोना के कारण लॉक डाउन होने से वह मुंबई में ही फंस गई थी। उनकी टिकट दिल्ली से उनके भाई ने बुक की तब जाकर उन्हें स्पेशल ट्रेन का टिकट मिला। अपने साथ वो 8 महीने के बच्चे और एक 5 साल की बेटी के साथ सफर कर रही थी।

मुंबई सेंट्रल से सवार हुए 1107 यात्री
मुंबई सेंट्रल से नई दिल्ली के लिए चली ट्रेन संख्या 02951 में मुंबई से दिल्ली के बीच कुछ 1487 यात्रियों ने कल अपने सफर की शुरुआत की। इस सफर में मुंबई सेंट्रल से 1107 यात्रियों ने सफर किया जबकि सूरत से 97, बड़ौदा से 83 यात्री, रतलाम से 23 यात्री और कोटा से 177 यात्रियों ने सफर किया।