रेती चोरों को श्रमदान की सजा, कोर्ट का अनोखा निर्णय

बीड़ जिला में रेती की चोरी करनेवाले रेती चोरों को बीड़ सत्र न्यायालय ने अनोखा निर्णय सुनाया है। बीड़ सत्र न्यायालय ने रेती चोरों को `वॉटर कप’ के लिए चल रहे काम पर दो महीने तक श्रमदान करने की सजा सुनाई है। बीड़ जिला के गेरवाई के छह युवक हाथ में फावड़ा कुदाल लेकर श्रमदान की सजा को भुगत रहे है। रेती चोरों के खिलाफ कड़ी सजा होनी चाहिए, परंतु बीड़ सत्र न्यायालय का अनोखा निर्णय चर्चा का विषय बना हुआ है।
बता दें कि ४ अगस्त, २०१७ को अवैध रेती अत्खनन करते समय गेरवाई मंडल के अधिकारी सुनील तांबारे ने टैक्टर सहित छह युवकों को गिरफ्तार करके कार्रवाई की थी। कार्रवाई से नाराज उन युवकों ने तांबारे को बुरी तरह से पीटा था। सुनील तांबारे ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। मारपीट करनेवाले युवकों के खिलाफ मामला दर्ज करके पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उक्त घटना में न्यायालय छह युवकों को दो महीने का `वॉटर कप’ के लिए श्रमदान की सजा सुनाई। न्यायालय के इस अभूतपूर्व निर्णय का स्वागत किया जा रहा है।