" /> ‘हंगरी’ लॉक डाउन : 3250 भटके प्राणियों को भूख मिटा रही ठाणे की संस्था

‘हंगरी’ लॉक डाउन : 3250 भटके प्राणियों को भूख मिटा रही ठाणे की संस्था

कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए पूरे देश में लॉक डाउन लागू किया गया हैं। लॉक डाउन के कारण आम लोग घर से बाहर नहीं निकल पा रहे है। ऐसे में लावारिस पशुओं को भूखे पेट ही रहना पड़ रहा हैं। इन सभी बातों को ध्यान में रखकर ठाणे की संस्था ने मुंबई, ठाणे, नई मुंबई व पनवेल शहरों में 3250 भटके प्राणियों को खोजकर उन्हें भोजन उपलब्ध कराने का नेक कार्य कर रही हैं।

बता दें कि लावारिस पशुओं की भूख आम जनता ही बचे हुए भोजन देकर मिटाती थी लेकिन जब से लॉक डाउन शुरू हुआ हैं तब से जानवरों की भूख मिटानेवाली जनता को घरों में रहना पड़ रहा हैं। इसके अलावा लोग भोजन का इस्तेमाल भी सोच-समझकर कर रहे हैं। ऐसे में जनवरों को प्रयाप्त भोजन नहीं मिल पा रहा था, जिसे ध्यान में रखकर मुंबई-ठाणे की सिटीजन फॉर एनिमल संस्था रॉ संस्था के साथ मिलकर पुलिस से अनुमति लेकर मुंबई , ठाणे, नई मुंबई व पनेवल में भटके जानवरों की खोज शुरू कर कुल 3250 जानवरों को खोज निकाला और उन्हें भोजन पहुंचाने के काम कर है। इतना ही नहीं जिन लावारिस पशुओं तक पहुंचने में संस्था को दिक्कतों का सामना करना पड़ता वहां संस्था की एंबुलेंस भोजन पहुंचाने का कार्य कर रही है। इसी प्रकार ठाणे की लोकसेवक संस्था सोशल मीडिया (व्हाट्सएप,फेसबुक, इंस्टाग्राम) के माध्यम से लोगों से अन्न दान करने का आवाहन कर रही है। संस्था को पैसे या अन्न दान करने के लिए ९९६९६२७७७० इस नंबर पर संपर्क करें। सिटीजन फॉर एनिमल संस्था के सदस्य प्रणव त्रिवेदी ने बताया कि पहले लॉक डाउन के पहले जानवरों को थोड़ा बहोत भोजन मिल जाता था लेकिन अब उन्हें थोड़ा बहोत भोजन भी मिलना बंद हो गया है इसलिए हम जनता की मदद से उनकी भूख मिटाने की कोशिश कर रहे हैं।