" /> जब तक दवाई नहीं तब तक ढिलाई नहीं… प्रधानमंत्री ने किया सचेत

जब तक दवाई नहीं तब तक ढिलाई नहीं… प्रधानमंत्री ने किया सचेत

त्योहारी मौसम और ठंड के साथ बढ़ते प्रदूषण में कोरोना संक्रमण की आशंका के बावजूद बेखौफ और बेपरवाह होते लोगों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सचेत कर दिया है। उन्होंने कल अमेरिका, ब्राजील और यूरोपीय देशों का हवाला देते हुए सचेत किया कि तब तक निश्चिंत नहीं होना है जब तक कोरोना की वैक्सीन या दवा न आ जाए। उन्होंने कहा- ‘जब तक दवाई नहीं, तब तक ढिलाई नहीं।’
देश के नाम संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा, हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि लॉकडाउन भले ही चला गया हो लेकिन वायरस नहीं गया है। कई वीडियो में दिखता है कि लोगों ने सतर्कता कम कर दी है, जो परिवार के लिए खतरा है। प्रधानमंत्री ने आंकड़ों के सहारे कहा कि हिंदुस्थान में प्रति १० लाख लोगों में पांच हजार लोगों को कोरोना हुआ है, जबकि अमेरिका और ब्राजील जैसे देशो में २५ हजार है। हिंदुस्थान में प्रति १० लाख लोगों में ८३ मौत हुई है जबकि अमेरिका ब्राजील ब्रिटेन जैसे देशों में यह ६०० के पास है। कई सुविधा संपन्न देशों की तुलना में हिंदुस्थान ज्यादा-से ज्यादा लोगों को बचाने में सफल रहा है। अभी भी देश में ९० लाख से अधिक बेड उपलब्ध है। वैक्सीन पर देश-विदेश में बहुत काम हो रहा है। उन्होंने आश्वस्त किया कि वैक्सीन जब भी आएगी, हर हिंदुस्थानी तक पहुंचेगी लेकिन उससे पहले सावधानी जरूरी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कबीरदास के दोहे से लेकर रामचरित मानस तक का उल्लेख करते हुए कहा कि आग, शत्रु, पाप और बीमारी को कभी छोटा नहीं समझना चाहिए। जब तक दवाई नहीं, तब तक ढिलाई नहीं होनी चाहिए। पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि सेवा परमो धर्म: के मंत्र पर चलते हुए हमारे डॉक्‍टर्स, नर्स, हेल्‍थ वर्कर्स इतनी बड़ी आबादी की निस्वार्थ सेवा कर रहे हैं। इन सभी प्रयासों के बीच, ये समय लापरवाह होने का नहीं है। पीएम ने अपने संबोधन के आखिर में नवरात्रि, दशहरा, ईद, दिवाली, छठ पूजा, गुरु नानक जयंती सहित सभी त्योहारों की शुभकामनाएं दीं।