" /> ईस्टर्न-वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे की सड़कें होंगी चकाचक

ईस्टर्न-वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे की सड़कें होंगी चकाचक

वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे के मिलन सबवे से अंधेरी-कुर्ला जंक्शन तक की सड़क पर वाहन चालकों को साल भर गड्ढे नजर नहीं आएंगे। इस परिसर की सड़कों को चकाचक करने के लिए मुंबई महानगर प्रदेश विकास प्राधिकरण (एमएमआरडीए) ने योजना तैयार कर ली है। मिलन सबवे से अंधेरी कुर्ला जंक्शन तक की करीब ३ किमी लंबी सड़क की मरम्मत के लिए करीब २ करोड ४६ लाख ४१ हजार २३० रुपए खर्च करने का फैसला लिया गया है। इस योजना के लिए प्राधिकरण ने ठेकेदार की तलाश शुरू कर दी है। इसके लिए टेंडर जारी कर दिया गया है। इच्छुक आवेदक १० जुलाई तक टेंडर प्रक्रिया में शामिल हो सकते हैं। मुंबई के हाइवे की मरम्मत का जिम्मा संभालने के बाद एमएमआरडीए ने मॉनसून के बाद भी सड़क को अच्छी रखने की योजना पर काम शुरू कर दिया है। इसके तहत पूरे हाइवे को छोटे-छोटे हिस्सों में बांटकर उनकी मरम्मत करने की योजना बनाई गई है। इसके साथ ही मॉनसून में ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे पर सफर करते समय कोई परेशानी न हो इसके लिए भी एमएमआरडीए ने यहां गड्ढों की मरम्मत करने का निणर्‍य लिया है। इसके चलते दोनों एक्सप्रेस हाइवे की सड़कें होंगी चकाचक।
कुछ महीने पहले तक महानगर के वेस्टर्न और ईस्टर्न हाईवे के रखरखाव और मरम्मत कार्य का जिम्मा सार्वजनिक निर्माण विभाग के पास था। सरकार ने अब महानगर से गुरजनेवाले इन हाइवे का जिम्मा एमएमआरडीए को सौंप दिया है। एमएमआरडीए ने बारिश में होनेवाले गड्ढों को करीब ४ करोड़ ८४ लाख ६५ हजार ७१८ रुपए में भरने की योजना तैैयार की है।

५ भागों में विभाजित
ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे करीब २५ किलोमीटर लंबा है। बारिश के दौरान हाइवे पर होनेवाले संभावित गड्ढों को देखते हुए पूरे हाइवे को ५ भागों में विभाजित किया गया है। हर भाग में ४.५ किलोमीटर से ५ किलोमीटर की सड़क को रखा गया है। हर क्षेत्र की सड़क के गड्ढों को भरने के लिए ७९ लाख रुपए से लेकर ९१ लाख रुपए खर्च करने की योजना बनाई गई है। वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे और ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे मुंबई के दो प्रमुख हाइवे हैं। वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे मुंबई को गुजरात, राजस्थान से जोड़ता है, वहीं ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे मुंबई को कल्याण और नासिक से जोड़ता है। इन हाइवे से रोजाना हजारों वाहनों की आवाजाही होती है।

ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे की अधिक चिंता
मॉनसून के दौरान एमएमआरडीए को सायन से ठाणे तक फैले ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे पर अधिक गढ्ढे होने की आशंका है। इस वजह से कुल ४ करोड़ ८४ लाख ६४ हजार ७१८ रुपए में से करीब ४ करोड़ २४ लाख २१ हजार २६५ रुपए ईस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे के गड्ढे भरने के लिए खर्च करने का निणर्‍य लिया गया है। वहीं माहिम क्रीक से दहिसर तक फैले वेस्टर्न एक्सप्रेस हाइवे पर होनेवाले गड्ढों के लिए केवल करीब ६० लाख ४४ हजार ४५३ रुपए खर्च करने की योजना पर काम किया जा रहा है।