" /> बाजारों में सन्नाटा, सड़कें सुनसान…मुंबई में जबरदस्त बंद!

बाजारों में सन्नाटा, सड़कें सुनसान…मुंबई में जबरदस्त बंद!

♦ जनता ने दिया राज्यव्यापी समर्थन
♦ लोगों ने लखीमपुर हिंसा का किया निषेध

कृषि कानून के विरोध में आंदोलन कर रहे किसानों की आवाज को दबाने का प्रयास केंद्र की भाजपा सरकार द्वारा सतत किया जा रहा है। लखीमपुर खीरी में केंद्रीय राज्यमंत्री के पुत्र ने आंदोलन कर रहे किसानों के ऊपर गाड़ी चढ़ाकर कुचल दिया। इस घटना में ८ लोगों की मौत हो गई। इस घटना के निषेध के साथ मोदी सरकार की किसान और मजदूर विरोधी मानसिकता के विरोध में घोषित ‘महाराष्ट्र बंद’ को जनता का उल्लेखनीय प्रतिसाद मिला। मुंबई, ठाणे, पुणे, कोल्हापुर, संभाजीनगर, नागपुर आदि प्रमुख शहरों के व्यापारियों ने अपनी दुकानें पूरी तरह से बंद रखीं। नई मुंबई, नासिक, सोलापुर आदि जगह कृषि उत्पन्न बाजार समिति ने सभी व्यवहार बंद रखा, इसके साथ ही किसानों और व्यापारियों ने इस बंद को समर्थन दिया।
देश के अन्नदाता को समर्थन देने के लिए घोषित बंद में शिवसेना, राकांपा और कांग्रेस इन तीनों दलों के प्रमुख नेताओं ने शामिल होकर बंद को सफल किया। मुंबई व राज्यभर में शिवसैनिकों ने सड़क पर उतरकर जगह-जगह आंदोलन करके केंद्र सरकार की किसान व मजदूर विरोधी नीति के खिलाफ प्रदर्शन किया। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी की ओर से मुंबई के हुतात्मा चौक पर प्रदेश अध्यक्ष व जलसंसाधन मंत्री जयंत पाटील, सांसद सुप्रिया सुले के नेतृत्व में लखीमपुर हिंसा के निषेध में और किसानों के समर्थन में राष्ट्रवादी नेताओं ने काला फीता बांधकर मोदी और योगी सरकार के प्रति विरोध प्रदर्शित किया।
विभिन्न संगठनों का मिला समर्थन
‘महाराष्ट्र बंद’ को विभिन्न पार्टियों और संगठनों का खुला समर्थन मिला। शिवसेना-कांग्रेस-राकांपा के उतरने से यह बंद पूरे राज्य में शत-प्रतिशत सफल रहा। बड़े पैमाने पर सामाजिक व व्यापारिक संगठनों ने इस बंद को समर्थन दिया।

फिल्मी हस्तियों ने भी किया समर्थन
कई फिल्मी हस्तियों ने भी इस बंद का जोरदार समर्थन किया। लखीमपुर कांड को लेकर केंद्र सरकार और उत्तर प्रदेश सरकार के खिलाफ जगह-जगह विरोध प्रदर्शन किए गए और घटना मारे गए किसानों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। शिवसेना से जुड़े सभी संगठन इस बंद में सक्रिय रूप से शामिल हुए।
ग्रामीण क्षेत्र भी पूरी तरह से बंद
ग्रामीण इलाकों में भी बंद को लोगों का पूरा सहयोग मिला। इस दौरान शिवसेना, कांग्रेस व राकांपा के कार्यकर्ता सड़कों पर देखे गए। लोगों ने बंद में सहयोग करते हुए अपनी दुकानें व कारोबार को खुद बंद कर दिया।


मुंबई ठप
कभी न रुकनेवाली मुंबई कल पूरी तरह से ठप यानी बंद रही। मुंबई के कालाचौकी, लालबाग, शिवड़ी, परेल, दादर, रे रोड, मझगांव, चेंबूर, वडाला, सायन, प्रभादेवी सहित पूरी मुंबई में बंद पूरी तरह से सफल और शांतिपूर्ण रहा।
आवश्यक सेवाएं थीं शुरू
मरीजों और आम नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए अत्यावश्यक सेवाओं को बंद से बाहर रखा गया था। मेडिकल दुकानें, दवाखाना, अस्पताल, दूध जैसी जरूरी सेवाएं खुली रहीं।
सड़कों पर सन्नाटा!
उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में किसानों के साथ की गई बर्बरता के विरोध में सोमवार को घोषित ‘महाराष्ट्र बंद’ पूरी तरह से सफल रहा। मुंबई, ठाणे, पालघर, पुणे, नागपुर सहित राज्य के सभी जिलों में बंद का असर देखा गया। अन्नदाता के समर्थन में अत्यावश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी दुकानें, व्यावसायिक प्रतिष्ठान, बाजार, सब्जी मंडियां बंद रहीं। सड़कों पर सन्नाटा देखा गया।