" /> हम नहीं सुधरेंगे : साइबर सेल ने किया 238 को गिरफ्तार

हम नहीं सुधरेंगे : साइबर सेल ने किया 238 को गिरफ्तार

लॉकडाउन के दौरान राज्य में कुछ अपराधी और उपद्रवी प्रवृत्ति के लोग सामाजिक तनाव निर्माण करने की कोशिश से बाज नहीं आ रहे हैं। यानी वे सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं।
महाराष्ट्र साइबर सेल उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है। सोशल मीडिया पर गलत जानकारी और अफवाह फैलानेवालों के खिलाफ राज्य में कुल 442 साइबर अपराध दर्ज किए गए हैं और 238 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। साइबर सेल के विशेष पुलिस महानिरीक्षक के मुताबिक राज्य के विभिन्न पुलिस स्टेशनों में कुल 442 अपराध (जिनमें से 26 एनसी हैं) दर्ज किए गए हैं। महाराष्ट्र साइबर द्वारा इन सभी अपराधों के विश्लेषण से पता चला है कि 185 मामले आपत्तिजनक व्हॉट्सऐप संदेशों को अग्रेषित करने के दर्ज किए गए हैं, 173 मामले आपत्तिजनक फेसबुक पोस्ट साझा करने के लिए, 23 मामले टिकटॉक वीडियो साझा करने और टि्वटर के लिए दर्ज किए गए हैं। आपत्तिजनक ट्वीट्स के 8 मामले, इंस्टाग्राम पर गलत पोस्ट करने के 4 मामले जबकि अन्य सोशल मीडिया (ऑडियो क्लिप, यूट्यूब) के दुरुपयोग के 49 मामले दर्ज किए गए हैं और अब तक 238 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, इनमें से 105 आपत्तिजनक पोस्ट को हटा दिया गया है। संभाजीनगर शहर पुलिस स्टेशन में एक अपराध दर्ज किया गया है। संभाजीनगर शहर में दर्ज अपराधों की संख्या दो हो गई है। आरोपी ने अपने मोबाइल फोन पर विभिन्न व्हॉट्सऐप समूहों को संदेश भेजे थे, जिसमें लॉकडाउन के बारे में गलत और भ्रामक जानकारी थी। इससे इलाके के नागरिकों में भ्रम पैदा हो गया कि लॉक डाउन में कौन-सी दुकानें खुली हैं। इसी तरह मुंबई के डोंगरी पुलिस स्टेशन में एक मामला दर्ज किया गया है। मुंबई शहर में दर्ज किए गए मामलों की कुल संख्या 26 हो गई है। नए मामले में आरोपियों ने आवश्यक सेवा के लिए जारी किए गए पास को लेकर गलत जानकारी फैलाई थी। साइबर सेल ने लोगों को जेड-लोडर नामक मैलवेयर से सावधान रहने की अपील की है। वर्तमान में लॉकडाउन के दौरान जेड-लोडर नामक एक मैलवेयर हर जगह फैल रहा है। यह मैलवेयर आपके डिवाइस में आपके बैंक खाते के बारे में संग्रहीत सभी जानकारी साइबर हैकर्स को भेजता है। आपको एक ई-मेल मिलता है, जिसमें कोरोना महामारी के बारे में संदेश होता है। जब आप उस जानकारी को पढ़ने के लिए ई-मेल खोलते हैं तो हैकर्स को आपके बारे में जानकारी मिल जाती है। साइबर सेल ने सभी नागरिकों को अजनबियों के संदेश, ई-मेल न खोलने और संलग्नक डाउनलोड न करने की अपील की है। इसके अलावा किसी भी मुफ्त इंटरनेट कनेक्शन का उपयोग करने से बचने की सलाह दी गई है।