" /> बंगाल लॉकडाउन का नजारा, पैसे के बदले गिरवी रखे जा रहे मजदूरों के राशन कार्ड!

बंगाल लॉकडाउन का नजारा, पैसे के बदले गिरवी रखे जा रहे मजदूरों के राशन कार्ड!

जानलेवा महामारी कोविड-19 के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए देशभर में लॉकडाउन लागू है। इस दौरान केंद्र व राज्य सरकारें गरीबों की सहायता के लिए विभिन्न प्रयास कर रही हैं। हालांकि इसी दौरान लालची प्रवृत्ति के लोग अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे। कहीं राशन की कलाबाजारी हो रही है तो कहीं साहुकारों द्वारा निसहाय लोगों की मजबूरी का फायदा उठाया जा रहा है। ऐसा ही एक सनसनीखेज मामला बंगाल के पुरुलिया जिले से सामने आया है। यहां मजबूर दिहाड़ी मजदूरों से उधार लिए जानेवाले रुपयों के बदले में साहूकारों द्वारा राशन कार्ड गिरवी रखवाया जा रहा था। मामला संज्ञान में आते ही प्रशासन ने लालची साहूकार पर कार्रवाई करते हुए उन्हें अच्छा सबक सिखाया।

बता दें कि पुरुलिया जिले के झालदा कस्बे के ब्लाक-1 में साहूकार 30 हजार रुपए के बदले दिहाड़ी मजदूरों के राशन कार्ड अपने पास गिरवी रख रहे थे। जिला प्रशासन के अधिकारियों को इसकी जानकारी मिलते ही कार्रवाई की गई और सभी राशन कार्ड उनके असली मालिकों को लौटा दिए गए। झालदा के प्रखंड विकास अधिकारी (बीडीओ) राजकुमार बिस्वास ने बताया कि साहूकारों के पास 20 से अधिक परिवारों के राशन कार्ड मिले। उन्होंने बताया कि साहूकार और राशन कार्ड गिरवी रखनेवाले दिहाड़ी मजदूर, दोनों ने ही कानून का उल्लंघन किया है। राशन कार्ड सरकारी संपत्ति है और सरकारी संपत्ति को गिरवी रखना गैरकानूनी है। उन्होंने बताया कि हमें जैसे ही इसका पता चला, हमने कार्रवाई की और साहूकारों से कार्ड लेकर उनके मालिकों को लौटा दिया ताकि वह राशन ले सकें। बिस्वास ने कहा कि साहूकारों से लिखित में बयान लिया है कि वे दोबारा ऐसी हरकत नहीं करेंगे।