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मनपा के रडार पर २,८७५ प्रॉपर्टियां! १२ साल बाद फिर होगी जप्त संपत्तियों की नीलामी

  • रु ३,०४७.७६ करोड़ का मिलेगा राजस्व

सामना संवाददाता / मुंबई
वर्षों से प्रॉपर्टी टैक्स बकाया होने की वजह से मनपा की तिजोरी पर असर पड़ रहा है। ऐसे में १२ सालों के बाद अब फिर से जप्त की गई संपत्तियों को नीलाम करने का फैसला प्रशासन ने लिया है। इसमें २,८७५ जप्त संपत्तियां मुंबई मनपा की रडार पर हैं। इन संपत्तियों की नीलामी से मनपा के कोष में ३ हजार ०४७.७६ करोड़ रुपए जमा होंगे। कर निर्धारक व संकलन सह आयुक्त सुनील धमाणे ने कहा कि जप्त की गई संपत्तियों की नीलामी की प्रक्रिया अगले दो महीने में शुरू हो जाएगी।
मुंबईकरों को मनपा की तरफ से गुणवत्ता और आधुनिकतापूर्ण बुनियादी सुविधाएं दी जाती हैं। इन सुविधाओं को मुहैया कराने में होनेवाले खर्च की पूर्ति के लिए मनपा विभिन्न तरह के टैक्स की वसूली कर करती है। इसके लिए प्रॉपर्टी टैक्स राजस्व का एक महत्वपूर्ण स्रोत है। इसलिए मनपा को समय पर टैक्स का भुगतान करने के लिए प्रशासन की तरफ से हमेशा अपील की जाती है। हालांकि कई संपत्ति मालिक प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान नहीं करते हैं। प्रॉपर्टी टैक्स का बकाया समय बीतने के साथ ही बढ़ता जाता है। इसमें खासकर करोड़ों का बकाया होने के बाद मनपा द्वारा नोटिस भेजे जाने के बावजूद कई बड़े बकाएदारों द्वारा कोई प्रतिसाद नहीं मिलता है। इसे गंभीरता से लेते हुए अब मनपा ने जप्त की गई संपत्तियों की नीलामी करने का फैसला किया है।
ऐसे होगी नीलामी
मनपा द्वारा बकायेदारों को बार-बार नोटिस देने के बावजूद प्रतिसाद नहीं मिलता है तो और एक महीने की मोहलत देने के बाद प्रॉपर्टी को जप्त कर लिया जाता है। महीनेभर में कम से कम २५ प्रतिशत का भुगतान करने और शेष बकाए का ‘पोस्ट डेटेड’ चेक जारी किया जाता है तो कार्रवाई से बचा जा सकता है। वहीं इस बीच मनपा ने जप्त प्रॉपर्टियों की नीलामी के लिए निविदाएं आमंत्रित की हैं। निविदा के माध्यम से चयनित संस्था द्वारा जप्त की गई प्रॉपर्टी का मूल्य निर्धारित कर नीलामी प्रक्रिया की जाएगी।
इस साल ५ हजार करोड़ का लक्ष्य
संपत्ति कर राजस्व का एक महत्वपूर्ण स्रोत है, जिसके चलते मनपा की तरफ से हर साल प्रॉपर्टी टैक्स वसूली का लक्ष्य निश्चित किया जाता है। इसके तहत वित्तीय वर्ष के शुरू होते ही अप्रैल माह के बाद से वसूली शुरू हो जाती है। बीते साल वसूली के लिए ४,८०० करोड़ रुपए का लक्ष्य रखा गया था।

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