मुख्यपृष्ठस्तंभबकलोली : ऐसे हुई बदले की आग ठंडी 

बकलोली : ऐसे हुई बदले की आग ठंडी 

श्रीकिशोर शाही

नौकरी चीज ही ऐसी है, जहां खट्टे-मीठे का दौर चलता रहता है। बहुत से लोग इसे झेल नहीं पाते, जबकि काफी लोग आपसी तालमेल बनाकर काम करते हैं। पर कुछ लोग जो परेशान होकर अपनी जॉब छोड़ जाते हैं, वे बदले की आग में जलते रहते हैं। वे अपने भीतर जल रही आग को ठंडी करने के लिए कुछ भी उल्टा-सीधा करने से बाज नहीं आते। अब आप इसे बकलोली कह सकते हैं। ऐसी ही एक महिला ने बकलोली करते हुए अवांछित हरकत कर डाली। बाद में अपनी बकलोली वाली हरकत को सोशल मीडिया पर पोस्ट भी कर डाला। महिला ने लिखा कि मेरे साथ मेरी टीम और मैनेजर का बिहेवियर ठीक नहीं था। मुझे जॉब की बहुत ज्यादा जरूरत थी इसलिए मैं सब कुछ सहन करती रही, पर बाद में जॉब छोड़ दी। जॉब छोड़ने के एक हफ्ते बाद महिला ने चेक किया कि उस बदमाश मैनेजर ने अब तक पासवर्ड नहीं बदला है और वो लॉग इन है। यह पता चलते ही महिला ने पासवर्ड बदल दिए। जिस अकाउंट का पासवर्ड बदला उसमें रेस्टोरेंट का पूरा डेटाबेस था। इसके बाद क्या हुआ उसे कुछ पता नहीं। पोस्ट वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर भी चर्चा शुरू हो गई। कुछ लोगों ने लिखा कि क्या ये स्कैम है? एक यूजर ने लिखा कि उस महिला को ब्लेम नहीं किया जाना चाहिए।
डेंजरस वर्ल्ड रिकॉर्ड
कुछ लोग रिकॉर्ड बनाने के खासे शौकीन होते हैं। ऐसे में वे कोई भी खतरा मोल लेने से नहीं हिचकिचाते हैं। उन्हें अपनी जान की भी फिक्र नहीं होती। अब एक आर्मेनियाई टीनएजर ग्रिगोर ने दो चलते ट्रकों के बीच लटके हुए बार पर ४४ पुल-अप करके कमाल कर दिखाया है। अब यह भले ही कमाल लगे पर है तो बकलोली ही। अगर चलते ट्रक में कुछ ऐसा-वैसा हो जाता तो जनाब सीधे ऊपर पहुंच जाते। गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड के अनुसार, ट्रकों को न्यूनतम ५ किमी/घंटा (३.१ मील प्रति घंटे) की गति बनाए रखने की आवश्यकता थी, जबकि ग्रिगोर ने बिना गिरे जितना संभव हो उतने पुल-अप किए। कुल ४४ बार ऐसा करते हुए ग्रिगोर ने ३५ के पिछले रिकॉर्ड को तोड़ दिया, जो पिछले साल ‘द इटालियन बटरफ्लाई’ ताज़ियो गैवियोली ने बनाया था। अब आप ही बताइए ऐसी सनक का है कोई जवाब!

अन्य समाचार