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निर्यात में भी निकम्मा निकला केंद्र! … वित्त मंत्रालय के आंकड़ों में दिखी जोरदार गिरावट

•  अप्रैल-जुलाई के दौरान १४.५ फीसदी की कमी
सामना संवाददाता / मुंबई
पिछले नौ वर्षों में केंद्र की भाजपा सरकार के राज दे देश की अर्थव्यवस्था बुरे दौर से गुजर रही है। रुपए का मूल्य गिरता जा रहा है और महंगाई अपने चरम पर है। अब निर्यात के मोर्चे से भी बुरी खबर है। माल निर्यात के मामले में भी केंद्र निकम्मा निकला है। वित्त मंत्रालय के ताजा आंकड़ों में जोरदार गिरावट इस बात का प्रमाण है।
मिली जानकारी के अनुसार, मौजूदा वित्त वर्ष के पहले चार महीनों के दौरान निर्यात के मोर्चे पर देश की अर्थव्यवस्था का प्रदर्शन चिंता बढ़ाने वाला रहा है। वित्त मंत्रालय की तरफ से जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक अप्रैल से जुलाई २०२३ के दौरान देश के माल निर्यात में १४.५ फीसदी की बड़ी गिरावट देखने को मिली है। इस रिपोर्ट के मुताबिक, मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही के दौरान देश के नेट एफडीआई में भी भारी गिरावट देखने को मिली है। रिपोर्ट के मुताबिक, अप्रैल-जून २०२३ के तीन महीनों के दौरान देश का नेट एफडीआई पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले ६२.७ फीसदी कम हुआ है।
वित्त मंत्रालय की जुलाई महीने की मासिक रिपोर्ट में बताया गया है कि अप्रैल-जुलाई २०२३ के दौरान देश का माल निर्यात १३६.३ अरब अमेरिकी डॉलर के बराबर रहा, जबकि अप्रैल-जुलाई २०२३ के दौरान यह १५९.३ अरब अमेरिकी
डॉलर था।
ये आंकड़े बताते हैं कि मौजूदा वित्त वर्ष के पहले चार महीनों के दौरान देश का कुल माल निर्यात पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले १४.५ फीसदी कम रहा है। इस गिरावट को ग्लोबल इकोनॉमी के हालात और अंतरराष्ट्रीय ट्रेड में देखी जा रही सुस्ती का नतीजा माना जा रहा है।
प्रत्यक्ष विदेशी निवेश के मामले में भी मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही के आंकड़े उत्साहजनक नहीं हैं। वित्त मंत्रालय की इसी रिपोर्ट के मुताबिक अप्रैल-जून २०२२ में देश में आने वाला नेट एफडीआई १३.४ अरब डॉलर था, जो अप्रैल-जून २०२३ के दौरान ६२.७ फीसदी गिरकर महज ५ अरब डॉलर रह गया। दो साल पहले यानी अप्रैल-जून २०२१ में भी यह आंकड़ा इससे कहीं ज्यादा, ११.६ अरब अमेरिकी डॉलर था। मौजूदा वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में नेट एफडीआई में आई यह गिरावट क्या २०२४ के आम चुनाव से पहले विदेशी निवेशकों के सावधानी बरतने से जुड़ी है? इस सवाल का जवाब आने वाले कुछ महीनों के आंकड़े दे सकते हैं।

 

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