मुख्यपृष्ठस्तंभसिटीजन रिपोर्टर : अंबरनाथ सबसे पिछड़ा रेलवे स्टेशन!

सिटीजन रिपोर्टर : अंबरनाथ सबसे पिछड़ा रेलवे स्टेशन!

-रेल यात्रियों की सुविधा का नहीं है खास बंदोबस्त

अंबरनाथ

ऐतिहासिक शहर अंबरनाथ के रेलवे स्टेशन की काफी दुर्दशा इन दिनों देखने को मिल रही है। यहां रेल यात्रियों को मूलभूत सुविधा उपलब्ध करवाने में जहां रेलवे प्रशासन लाचार है, वहीं सुविधा के अभाव में यात्री परेशान हैं। रेल यात्रियों का आक्रोश रेलवे प्रशासन के साथ ही स्थानीय लोगों द्वारा चुने गए प्रतिनिधियों के प्रति भी देखा जा रहा है। ‘दोपहर का सामना’ के सिटीजन रिपोर्टर रोहित कुमार प्रजापति ने अंबरनाथ रेलवे स्टेशन पर यात्रियों को हो रही असुविधाओं को लेकर नाराजगी जताई है।
रोहित कुमार प्रजापति का कहना है कि अंबरनाथ रेलवे स्टेशन पर जगह-जगह रखी गई कूड़ेदानी हमेशा कचरे से भरी रहती है। स्टेशन पर एक ही लिफ्ट है, जो कि अंबरनाथ के होम प्लेटफॉर्म पर है। प्लेटफॉर्म दो, तीन और होम प्लेटफॉर्म पर शौचालय की मांग काफी समय से प्रवासी संगठन करता आ रहा है। इसके बावजूद प्रशासन शौचालय बनवाने को तैयार नहीं है। शौचालय के अभाव में लोग परेशान हो जाते हैं। स्वचालित सीढ़ी न होने के कारण यात्री पादचारी पुलों की बजाय सीधे पटरी पार करते हैं, जिसकी वजह से यात्रियों की ट्रेनों से कटकर मौत होती रहती है। अंबरनाथ रेलवे स्टेशन पर भारत सरकार के सफाई संकल्प की ऐसी की तैसी हो रही है। इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है स्वामी नगर से लेकर कर्जत की तरफ बनाए गए पुल, जिससे लोग पूर्व से पश्चिम की तरफ आते-जाते हैं, वहां पर देखा जा सकता है। पश्चिम की ओर रहनेवाले स्टेशन पर बनाई गई दीवार को पार करके रेलवे सीमा के अंदर प्रवेश करते हैं।
रोहित प्रजापति बताते हैं कि अंबरनाथ एक ऐतिहासिक रेलवे स्टेशन है, जहां रेलवे प्रवासी सलाहकार कमेटी भी है। सांसद-विधायक इस इलाके में आते-जाते रहते हैं। इसके बावजूद अंबरनाथ काफी पिछड़ा है। प्लेटफॉर्म नंबर दो पर आने-जाने के लिए स्वचालित सीढ़ी व लिफ्ट लगाई जानी चाहिए, ताकि ट्रैक पार करनेवालों को मौत के मुंह में जाने से बचाया जा सके। सभी यात्री स्वचालित सीढ़ियों का प्रयोग कर सुरक्षित ढंग से अपने परिवार में पहुंच सकेंगे। साथ ही दिव्यांगों, गर्भवती महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों के लिए ये सुविधाजनक होगा।
अंबरनाथ एक ऐसा स्टेशन है जो मानसून के समय अक्सर डूब जाता है क्योंकि शहर के पूर्वी इलाके का पानी स्टेशन से होकर बहता है। कई बार पटरी न दिखने के कारण ट्रेनों को पटरियों पर ही खड़ा कर दिया जाता है। स्टेशन परिसर में नपा की तरफ से पर्याप्त पार्विंâग व्यवस्था होनी चाहिए। स्वामी नगर की तरफ लगाई गई लोहे की दीवार को तोड़कर लोग सीधे स्टेशन पर जाते हैं। स्टेशन की सुरक्षा भी रामभरोसे है। अंबरनाथ रेलवे स्टेशन की तरफ आनेवाले मार्ग पर अतिक्रमण किए जाने से रिक्शा और बाइक से आनेवालों को काफी दिक्कत होती है। मार्ग पर अवैध कब्जा होने के कारण पैदल और वाहन से चलनेवाले लोगों की ट्रेन कभी-कभी छूट जाती है। नपा, रेलवे और पुलिस प्रशासन को चाहिए कि वो अंबरनाथ स्टेशन पर पैâली गंदगी को दूर करवाने के साथ ही यात्रियों को अन्य जरूरी सुविधाओं को दिलवाने में उनकी मदद करें।

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