मुख्यपृष्ठनए समाचारसिटीजन रिपोर्टर : बिजली विभाग राम भरोसे! ...उल्हासनगर में हड़पे जा रहे...

सिटीजन रिपोर्टर : बिजली विभाग राम भरोसे! …उल्हासनगर में हड़पे जा रहे हैं बिजली के पोल व ट्रांसफार्मर

उल्हासनगर में बिजली का संकट गहराता जा रहा है। यहां घरों में तो छोड़िए अस्पतालों की भी बत्ती कभी भी गुल हो जाती है। बिजली विभाग की सेवा तो मानो राम भरोसे ही चल रही है। बिजली के पोल, ट्रांसफॉर्मर को केबल ऑपरेटरों ने केबल वायर से मकड़ी के जाले की तरह जकड़ रखा है। इतना ही नहीं ट्रांसफॉर्मर के सामने कचरे का ढेर जमा रहता है। आश्चर्य की बात तो यह है कि उल्हासनगर के कई हाईवोल्टेज के पोल, ट्रांसफॉर्मरों को लोगों ने घरों में ले लिया है। ऐसी स्थिति में बिजली यंत्रणा में कुछ खराबी आने, शॉर्ट सर्किट होने, वायर गिरने पर जान माल के नुकसान का जिम्मेदार कौन होगा?
बता दें कि उल्हासनगर में वैसे तो सरेआम कानून की धज्जियां उड़ती देखी जा सकती हैं। वैसे भी उल्हासनगर कई तरह के कारनामों के लिए हमेशा से ही बदनाम रहा है। उन्हीं में से बिजली विभाग भी एक है, जिसके नियमों की धज्जियां सरेआम उड़ रही हैं। विभागीय कर्मचारी कथित रिश्वत लेकर पोल निकालने, बिल्डिंग से सट कर जाने वाले तार को निकालकर केबल लगाने जैसे काम करते हैं। बिजली विभाग की अनदेखी के चलते उल्हासनगर में कई जगह पर ट्रांसफॉर्मर और बिजली के पोल को घर के अंदर ले लिया गया है। ऐसी स्थिति में बिजली की खराबी आने पर उसकी मरम्मत वैâसे होगी? जान-माल के नुकसान का जबाबदेह कौन होगा? इस तरह का सवाल सिटीजन रिपोर्टर सुरेश चव्हाण ने उठाया है।
गौरतलब हो कि उल्हासनगर के वैंâप नंबर तीन में छत्रपति शिवाजी महाराज स्मारक के बगल में लाइट के सामान बेचनेवाले लोगों ने हाईवोल्टेज के टॉवर को अपनी दुकान के अंदर ले लिया है। अनिल सिनेमाघर के पास भी बिजली के टॉवर को घर में ले लिया गया है। फारवर लाइन से १७ सेक्शन हीरा घाट के बीच की स्थिति दयनीय है। कामगार अस्पताल के सामने से आराधना मार्वेâट आनेवाले रास्ते पर भी पोल को बिल्डिंग में लिया गया है। मध्यवर्ती अस्पताल के पास सार्वजनिक शौचालय के समीप एमपी पान दुकान के बगल में लगे ट्रांसफॉर्मर को दीवार से घेर दिया गया है।

अस्पताल प्रशासन का दर्द
अस्पताल प्रशासन का दर्द यह है कि विगत दिनों ट्रांसफॉर्मर में खराबी आने पर अस्पताल की लाइट गुल हो गई, जिसके कारण अस्पताल प्रशासन की बड़ी भर्त्सना हुई। अस्पताल के सिविल सर्जन डॉक्टर मनोहर बनसोडे ने बताया कि बिजली संकट से निपटने के लिए तरह-तरह के उपाय किए जा रहे हैं। परंतु ट्रांसफार्मर जलने पर ट्रांसफॉर्मर वैâसे बदला जा सकेगा? बिजली विभाग व मनपा के लिए भविष्य में बड़ी समस्या उत्पन्न हो सकती है। अस्पताल घोर बिजली संकट में पड़ सकता है। इसी के साथ ही बिजली न रहने के कारण उसका असर मध्यवर्ती अस्पताल के मरीजों पर भी पड़ सकता है।

 

अन्य समाचार

लालमलाल!