मुख्यपृष्ठनए समाचारसिटीजन रिपोर्टर : भंगारवालों ने उल्हासनगर को बनाया भंगार

सिटीजन रिपोर्टर : भंगारवालों ने उल्हासनगर को बनाया भंगार

उल्हासनगर
उल्हासनगर मनपा प्रशासन की अनदेखी के कारण उल्हासनगर भंगार नगर बनता दिखाई दे रहा है। उल्हासनगर में प्रमुख जगहों के अलावा मुख्य चौक और रास्ते पर भंगार वाले निजी अथवा भाड़े पर दुकान लेकर भंगार का व्यवसाय कर रहे हैं। भंगार वालों के चलते शहर तो भंगार हो ही गया है साथ ही वाहन चालक, पैदल चलनेवाले भी परेशान दिखाई दे रहे हैं। भंगार वालों के चलते सड़क और पादचारी पथ पर चलना मुश्किल हो रहा है। उल्हासनगर में सैकड़ों भंगार वाले हैं। उन भंगार वालों के चलते समाज का अनेक तबका परेशान है। ‘दोपहर का सामना’ के सिटीजन रिपोर्टर दीपक वसंतानी ने समाज के विभिन्न तबकों का दर्द बयां किया है।
दीपक वसंतानी का कहना है कि सभी व्यक्तियों को अपना जीवनयापन करने तथा समाज में सम्मान के साथ रहने के लिए व्यवसाय करने की आजादी है। लेकिन उल्हासनगर में तो मानों जैसे लोगों को कानून तोड़ने का कानूनी अधिकार मिला हो। भंगार के व्यवसायी लोगों के चलते शहर की जनता, मनपा प्रशासन, यातायात, शहर पुलिस, बिजली, सफाई, नदी-नालों सभी की दुर्दशा है। भंगार वालों के चलते मनपा द्वारा किए गए निर्माण को क्षति पहुंच रही है। भंगार वाले भंगार में लाए गए सामानों में से अन्य सामानों को अलग-थलग करने के लिए तोड़-फोड़ करते हैं, जिसके कारण उनकी दुकानों के सामने बनी सड़क और पादचारी पथ भी चकनाचूर हो जाता है। कांच के टुकड़े, लोहे की कील, कांच, लोहे के छोटे टुकड़ों से वाहन पंक्चर हो रहे हैं। लोगों के पैरों में कील और कांच चुभने से शारीरिक बाधा उत्पन्न हो रही है।
भंगार वाले वायर को जलाकर एल्युमिनियम और तांबे के तार निकालते हैं। इससे वातावरण दूषित होता है। वालधुनी नदी, नाले के किनारे बसे भंगार वाले बिना काम के सामान जैसे थर्माकोल आदि को फेंक देते हैं, जिससे पर्यावरण को काफी नुकसान पहुंचता है। भंगार वालों के कारण शहर में नशेड़ी बढ़ रहे हैं। शहर में चोरी और अपराध में बढ़ोतरी हो रही है। इससे शहर की पुलिस परेशान होती है। कई भंगार वाले दुकान के सामने भंगार रखकर रास्ते को बाधित कर देते हैं, जिसके कारण यातायात पुलिस परेशान होती है। चोर शहर के अलावा नालियों पर रखे लोहे की जालियों की चोरी करते हैं। बिजली विभाग के लोहे के सामान की चोरी कर भंगार वालों को बेचा जाता है। इससे मनपा का सार्वजनिक बांधकाम विभाग पर काम का बोझ बढ़ता है। भंगार वालों के चलते आर्थिक नुकसान होता है।
उल्हासनगर मनपा के प्रभाग-१ के प्रभाग अधिकारी अनिल खतुरानी ने कहा कि इस तरह की समस्या आने पर वे स्थानीय उल्हासनगर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज करवाते रहते हैं।

 

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